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Rampur News: सीजन का सबसे ठंडा दिन रहा शुक्रवार

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रामपुर। पहाड़ों पर हो रही बर्फबारी के चलते जिले में ठंड का प्रकोप बढ़ता जा रहा है। शुक्रवार सीजन का सबसे ठंडा दिन रहा। दिन का अधिकतम तापमान 12 डिग्री सेल्सियस रिकॉर्ड किया गया। वहीं न्यूनतम तापमान में भी करीब एक डिग्री की गिरावट आई और 6.1 डिग्री सेल्सियस रहा। अधिकतम तापमान 24 घंटे में चार डिग्री सेल्सियस गिरा। बृहस्पतिवार का अधिकतम तापमान 16 डिग्री था। ठंड के चलते जनजीवन अस्त-व्यस्त हो गया। तीन दिन पहले हुई बूंदाबांदी के चलते ठंड और बढ़ गई है। शुक्रवार सुबह जब लोगों की आंख खुली तो कोहरा छाया था। शीतलहर चलने से लोगों की कंपकंपी छूट गई। 6.3 किमी की रफ्तार से चली हवाओं ने हाड़कंपाऊ ठंड का अहसास कराया। दिनभर लोग अलाव के आगे बैठे नजर आए। दिनभर लोग इंतजार करते रहे, लेकिन धूप नहीं निकली। ठंड के चलते सड़कों पर सन्नाटा दिखाई दिया। कोहरे के कारण वाहन भी लाइट जलाकर रेंगते हुए नजर आए।
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परिवहन सेवाएं भी प्रभावित
कड़ाके ठंड और कोहरे के चलते परिवहन सेवाएं भी प्रभावित हो रही हैं। ठंड के चलते यात्रियों की संख्या में गिरावट आई है। इसके चलते यात्रियों के इंतजार में बसें देरी से चल रही हैं। वहीं कोहरा अधिक होने से बसों की रफ्तार भी काफी कम रहती है। इसके चलते यात्रियों को मंजिल तक पहुंचने में काफी अधिक समय लगता है। इसके चलते सबसे ज्यादा परेशानी नौकरीपेशा लोगों को हो रही है। वहीं कोहरे के कारण ट्रेनें लेट होने के चलते स्टेशन पर पहुंचने वाले यात्रियों को ठंड में ठिठुरते हुए घंटों इंतजार करना पड़ रहा है।
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अधिकतम तापमान में भारी गिरावट आई है। शुक्रवार को इस सीजन का सबसे ठंडा दिन कहा जा सकता है। गलन के साथ काफी कोहरा भी है। ठंड अभी इसी तरह बरकरार रहेगी।
-आरके सिंह, मौसम विज्ञानी, पंतनगर यूनिवर्सिटी

बाजारों में सन्नाटा, दिहाड़ी मजदूर भी बेहाल
कड़ाके की ठंड का असर बाजार में भी देखने को मिला। सिविल लाइंस, ज्वाला नगर, बाजार नसल्ल्ला खां, चाकू बाजार, मिस्टन गंज समेत अन्य बाजारों में दुकानदार खाली बैठे रहे। सामान्य दिनों में गुलजार रहने वाले इन बाजारों में सन्नाटा दिखाई दिया। व्यापारी भी अलाव के सहारे ग्राहकों का इंतजार करते नजर आए। वहीं ठंड के चलते इन दिनों निर्माण कार्य भी कम हो रहे हैं। इसके चलते दिहाड़ी मजदूरों को भी परेशानी हो रही है। काम न मिलने के चलते मजदूरों के सामने आर्थिक संकट खड़ा हो गया है।
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