रामपुर। पूर्ति विभाग की ओर से पकड़े गए अवैध गैस सिलिंडरों के बारे में 24 घंटे बाद भी कोई जानकारी नहीं जुटाई जा सकी है। यहां तक कि वह दुकान किसकी थी, जिसमें घरेलू गैस सिलिंडरों का स्टॉक था, यह भी पता लगाने में अफसर नाकाम रहे। हालांकि, विभागीय अफसरों का कहना है कि इस मामले में अभी जांच जारी है।
मामला सैदनगर क्षेत्र के ग्राम सींगनखेड़ा का है। शनिवार को पूर्ति विभाग को सूचना मिली थी कि गांव की एक दुकान में घरेलू गैस सिलिंडरों का स्टॉक है। इस बाबत तुरंत विभाग की ओर से एक्शन लिया गया। अफसरों ने छापा मारा तो देखा कि दुकान में 75 घरेलू गैस सिलिंडर थे। इसमें अधिकांश सिलिंडर भरे हुए थे, जबकि करीब 15 सिलिंडर खाली थे। इसके बाद अफसरों ने गांव के लोगों से इसके बारे में जानकारी करने का प्रयास किया, लेकिन कोई जानकारी नहीं मिल सकी। ऐसे में दो दिन भी सिलिंडरों के बारे में कोई जानकारी हासिल न होना, पूर्ति विभाग की जांच पर सवालिया निशान खड़े करता है। पूर्ति निरीक्षक संतोष कुमार श्रीवास्तव की मानें तो सिलिंडरों के बारे में अभी कोई जानकारी नहीं मिली है कि सिलिंडर किसके थे और वहां कैसे आए। दुकान के बारे में भी पता नहीं लग सका है। बताया कि जांच अभी चल रही है, जिसके पूरे होने के बाद जानकारी दी जाएगी।