बिलासपुर। नगर में मंगलवार रात वाल्मीकि शोभायात्रा के दौरान मीट का टुकड़ा फेंके जाने के आरोपों को लेकर हंगामा हो गया। इसके बाद पुलिस ने एक व्यक्ति को पूछताछ के लिए हिरासत में लिया।
बुधवार सुबह सफाई कर्मियों ने विरोध जताते हुए हड़ताल की चेतावनी दी, लेकिन बाद में दोनों पक्षों के बीच समझौता होने से विवाद निपट गया। भारतीय वाल्मीकि धर्म समाज (भावाधस) के प्रदेश उपाध्यक्ष गुरमुख भारती के अनुसार, आरोपी पक्ष ने मंदिर पहुंचकर माफी मांग ली है।
मंगलवार रात करीब साढ़े नौ बजे महर्षि वाल्मीकि की शोभायात्रा नगर के मुख्य चौराहे से माटखेड़ा रोड होते हुए शिवबाग मंडी की ओर जा रही थी। आरोप है कि माटखेड़ा रोड पर एक घर की छत से मीट का टुकड़ा शोभायात्रा में आ गिरा।
यात्रा में शामिल लोगों ने विरोध जताते हुए हंगामा किया और दूसरे समुदाय के लोगों पर दुर्भावना के तहत ऐसा करने का आरोप लगाते हुए कार्रवाई की मांग की। बाद में पुलिस ने मशक्कत के बाद लोगों को समझाकर शांत कराया और शोभायात्रा को आगे बढ़वाया।
देर रात भावाधस के प्रदेश उपाध्यक्ष गुरमुख भारती के नेतृत्व में सुनीता देवी, धर्मवती, गोमती देवी आदि कोतवाली पहुंचीं और दोषियों के खिलाफ कार्रवाई की मांग को लेकर शिकायती पत्र दिया। बुधवार सुबह पालिका के सभी सफाई कर्मी नगर पालिका परिसर में एकत्र हुए और दोषियों की गिरफ्तारी होने तक अनिश्चितकालीन हड़ताल पर जाने की चेतावनी दी।
इस बीच भारतीय वाल्मीकि धर्म समाज के प्रदेश सचिव विजय अनार्य वहां पहुंचे। उन्होंने सफाई कर्मियों को बताया कि पुलिस ने मामले में एक व्यक्ति को हिरासत में ले लिया है। इसके बाद दोनों पक्ष थाने पहुंच गए। दोपहर में पुलिस की मौजूदगी में आरोपी पक्ष नगर के मोहल्ला पट्टी टोला स्थित वाल्मीकि मंदिर पहुंचा और अपनी गलती स्वीकार करते हुए माफी मांगी। वाल्मीकि समाज के लोगों ने माफी स्वीकार कर ली।
सीओ पीपी सिंह ने बताया कि दोनों पक्षों के बीच मामला आपसी सहमति से निपट गया है। दोनों पक्षों ने समझौता कर लिया है।