सपा सरकार की गरीबों को आवास उपलब्ध कराए जाने वाली महत्वाकांक्षी योजना आसरा आवास इन सीटू में घपलेबाजी की पोल खुलने लगी है। टांडा कस्बे की मलिन बस्ती में बनाए जा रहे एक आवास का 14 दिन पहले पड़ा लेंटर भरभराकर गिर पड़ा। पड़ोस में रह रहे लाभार्थी के परिवार के लोग कुछ देर पहले ही वहां से निकले थे, जोकि लेंटर में दबने से बाल-बाल बच गए। लेंटर गिरने की जानकारी से डूडा और सीएंडडीएस के अधिकारी अनभिज्ञ बने हुए हैं।
टांडा नगर में सपा सरकार द्वारा चलाई जा रही आसरा आवास योजना इन सीटू के तहत नगर के मोहल्ला मस्जिद कोहना निवासी अब्दुल रऊफ पुत्र अब्दुल शकूर का चयन किया गया था। उसकी जमीन पर आवास का निर्माण कार्य कार्यदायी संस्था सीएंडडीएस के ठेकेदार करा रहे थे। बताते हैं कि ठेकेदार द्वारा 14 दिन पहले ही आवास का लेंटर (छत) डाला गया था। बुधवार को आवास का लेंटर (छत) अचानक भरभरा कर गिर पड़ा।
आवास स्वामी व उसका परिवार निर्माणाधीन आवास से कुछ देर पहले ही निकल कर आए थे। अचानक छत गिरती देख पूरा परिवार घबरा गया तथा बाहर की ओर भाग गया। जिससे बड़ा हादसा होने से टल गया। आवास स्वामी ने ठेकेदार पर घटिया सामग्री लगाने का आरोप लगाया है। इसकी शिकायत भी नगर पालिका के अधिकारियों से की है। उधर तहसीलदार वीके कुशवाहा से भी शिकायत की गई, लेकिन उन्होंने मामले कि जानकारी होने से मना किया है।