रामपुर। स्टेयरिंग कमेटी की बैठक में बाढ़ से पिछले पांच साल में हुए नुकसान का ब्योरा अफसरों से 15 दिन के भीतर प्रस्तुत करने के आदेश दिए गए हैं।
कलेक्ट्रेट सभाकक्ष में मुख्य विकास अधिकारी कैप्टन आलोक शेखर तिवारी की अध्यक्षता में हुई बैठक में सिंचाई विभाग के अधिशासी अभियंता से कहा गया कि बाढ़ के कारण पांच साल में कितना नुकसान हुआ है, उसका पूरा ब्योरा प्रस्तुत किया जाए। रिपोर्ट में यह भी बताया जाए कि कितने संपर्क मार्ग, नहरें, बिजली के तार, बिजली के खंभे टूटे हैं और कितनी गूलें बही हैं। सीडीओ ने सभी प्रधानों, ब्लाक प्रमुखों, जिला पंचायत सदस्यों व जनप्रतिनिधियों से भी अपेक्षा की है कि वे बाढ़ के कारण हुए नुकसान के बारे में सूचना उपलब्ध करा दें। ताकि समय से दैवीय आपदा के तहत फंड की मांग की जा सके। एसडीएम को निर्देश दिए कि नावों की व्यवस्था पहले कर ली जाए। बैठक में सीडीओ ने कहा कि उपनिदेशक कृषि, मुख्य पशु चिकित्साधिकारी पशुओं के चारे, पशु टीकाकरण, बाढ़ से होने वाले पशु रोगों से बचाव की व्यवस्था कर ली जाए। उन्होंने सभी निकायों के अफसरों से कहा कि 20 जून तक सभी नाले नालियों की सफाई करा ली जाए। अधिशासी अभियंता सिंचाई वीके अग्रवाल ने कहा कि राहत फंड को 140 करोड़ की योजना बनाकर भेजी गई थी, जिसमें सौ करोड़ की योजना को पास करा दिया गया है। 48 करोड़ की योजना विचाराधीन है। इस मौके पर एडीएम राकेश मालपाणी समेत सभी एसडीएम मौजूद रहे।