सिर्फ मदरसों के लिए ही शासनादेश क्यों: आजम खां
रामपुर। पूर्व मंत्री मोहम्मद आजम खां ने मदरसों को लेकर जारी शासनादेश पर कड़ी प्रतिक्रिया जाहिर की है। आजम खां ने कहा है कि जीओ सिर्फ मदरसों के लिए ही जारी क्यों होगा, वह सभी धर्म के स्कूल और पाठशालाओं के लिए होगा। उन्होंने बकरीद पर मुस्लिम महासंघ के केक काटने वाले बयान व गोरखपुर में बच्चों की मौत पर सीएम योगी आदित्यनाथ के बयान पर भी प्रतिक्रिया जाहिर की है।
पूर्व मंत्री मोहम्मद आजम खां ने कहा कि अगर अल्पसंख्यक कल्याण विभाग कोई जीओ जारी करेगा तो वो मुसलमान, सिख, जैन, फारसी, बौद्ध सभी के लसिए जारी होगा। जो पाबंदी मदरसों पर होगी वही जो दूसरे धर्म हैं जो अखलियत में आते हैं उनके स्कूल और पाठशालाओं पर भी होगी। जीओ सिर्फ मदरसों के लिए ही जारी क्यों क्यों होगा। मुस्लिम महासंघ के बकरीद पर केक काटने के बयान पर कहा कि वो महासंघ वाले नागपुर में रहते हैं। आरएसएस के हेड क्वार्टर में और कुछ काटने को नहीं कह रहे, आए तों बताएं क्या काटना चाहिए। गोरखपुर में बच्चों की मौत पर सीएम योगी के दिये बयान पर कहा कि सीएएम ने जो बात कह दी है उससे बढ़िया कोई बात नहीं है। असली बात तो ये हो सकती है कि अस्पताल लाते ही क्यों हैं मरने के लिए घर नहीं है, निंदनीय और अमानवीय है यह बयान। इसीलिए हम कहते हैं बड़े पदों पर वही लोग होने चाहिए, जिनकी पत्नी भी हो, बच्चे भी हों, जिन्हें परिवार का मतलब मालूम हो। जिन्हें औलाद के दर्द का एहसास हो। प्रदेश सरकार में अल्पसंख्यक कल्याण एवं यांत्रिकी सिंचाई मंत्री बलदेव सिंह औलख पर आजम खान ने कहा कि उन्हें राष्ट्रीय गान ही नहीं पता, क्या होता है। उन्हें वन्देमातरम, सारे जहां से अच्छा ही नहीं पता क्या होता है। उन्हें बस इतना मालूम है, की उनके क्षेत्र में जब आतंकवादी आये थे, जो खालिस्तान मूमेंट के लोग थे, हमारी जानकारी ये है और इस सरकार को भी ये चाहिए कि इन लोगों से उनके क्या रिश्ते थे।