रायबरेली।...लोकतंत्र के उत्सव की घड़ी आ गई है। अब जिम्मेदारी आपके कंधों पर है। ...बेहिचक घरों से निकलिए और पोलिंग बूथ पर जाकर अपने मनपसंद उम्मीदवार को वोट दीजिए।
आपका एक वोट क्षेत्र के विकास व तरक्की की इबारत लिख सकता है। इसलिए मतदान जरूर करें। अपने साथ दूसरों को भी वोटिंग के लिए प्रेरित करें। मतदान सुबह सात बजे से शुरू होकर शाम छह बजे तक चलेगा।
जिले के 17.25 लाख मतदाता पांचों विधानसभा क्षेत्रों के 2001 बूथों पर 64 प्रत्याशियों के भाग्य का फैसला करेंगे। चुनावी नतीजे 10 मार्च को आएंगे। एक बात और... घबराएं नहीं, बूथों पर कोरोना गाइडलाइन का बखूबी पालन किया जा रहा है।
इसलिए मास्क पहनकर जाएं और अपना फर्ज निभाएं। उधर, मंगलवार को गहमागहमी के बीच मतदान कराने के लिए पोलिंग पार्टियां बूथों पर पहुंच गईं।
शहर के गोराबाजार स्थित आईटीआई प्रशिक्षण संस्थान में मंगलवार सुबह से ही पोलिंग पार्टियों को रवाना करने का काम शुरू हुआ। विधानसभा क्षेत्रवार बनाए गए पंडालों में सुबह से मतदान कर्मचारी पहुंचने लगे।
इन सभी को ईवीएम और वीवीपैट मशीनों के साथ स्टेशनरी, कोरोना बचाव किट आदि सामग्री दी गई। सुविधा के लिहाज से विभिन्न सामग्री के वितरण को अलग-अलग काउंटर बनाए गए।
एक काउंटर पर केवल ईवीएम और वीवीपैट का वितरण किया गया। अन्य काउंटरों से पोलिंग पार्टियों को बाकी सामग्री उपलब्ध कराई गई।
ईवीएम मशीनें कर्मचारियों को इस निर्देश के साथ दी गईं कि उन्हें बूथ पर मतदान से ठीक पहले खोलना है, लेकिन मैदान पर जगह-जगह समूह में बैठे निर्वाचन कर्मचारियों ने दी गई सामग्री का मिलान करते वक्त ईवीएम पैकिंग खोलकर उनकी भी जांच कर ली।
सुबह 11 बजे के बाद पोलिंग पार्टियों मतदान केंद्रों पर पहुंचने के लिए निकल पड़ीं। शाम तक सेक्टर मजिस्ट्रेटों ने बूथों तक पोलिंग पार्टियों को पहुंचाने के साथ ही मतदान कराने की तैयारियां पूरी कराई।
मेहंदी लगे हाथों से ईवीएम लेकर हुईं रवाना
विधानसभा चुनाव कराने के लिए महिला कर्मचारियों की भी ड्यूटी लगाई गई है। उन महिला कर्मचारियों के चेहरों पर परेशानी की लकीरें खिंची दिखीं, जिन्हें अपने बच्चों को भी साथ लेकर ड्यूटी पर जाना पड़ा।
एक महिला कर्मचारी के हाथों में लगी शादी की मेहंदी भी नहीं छूटी थी। लेकिन लोकतंत्र के इस उत्सव में वह खुशी-खुशी ड्यूटी पर रवाना हुईं। मासूम बच्चों के साथ आईं महिला मतदान कर्मियों को परेशानी का सामना करना पड़ा।
अंतिम समय तक ड्यूटी कटवाने के लिए चला जुगाड़
अंतिम समय तक कई कर्मचारी अपनी ड्यूटी कटवाने के लिए जद्दोजहद करते दिखे। किसी ने कहा कि वह बीमार है तो किसी ने बताया कि छोटे बच्चे घर पर कैसे रह पाएंगे।
कुछ ऐसे मामले भी आए जिसमें पति व पत्नी दोनों की ड्यूटी लग गई थी। हालांकि पार्टी रवानगी से पहले ड्यूटी काटी नहीं गई। कई कर्मचारी पिछले कई दिनों से ड्यूटी कटवाने की जुगत में लगे थे लेकिन ड्यूटी नहीं कट सकी। शनिवार को पार्टी रवानगी समय भी ड्यूटी कटवाने के प्रयास किए।
पहचान पत्र नहीं है तो इन कागजातों को बूथ पर जाकर डाले वोट
वोटर आईडी कार्ड के अलावा आधार कार्ड, मनरेगा जॉब कार्ड, बैंक और डाकघर से जारी फोटोयुक्त पासबुक, स्वास्थ्य बीमा स्मार्ट कार्ड, ड्राइविंग लाइसेंस, पेनकार्ड, एनपीआर के तहत आरजीआई से जारी किए गए स्मार्ट कार्ड, पासपोर्ट, फोटो युक्त पेंशन दस्तावेज, केंद्र व राज्य सरकार, लोक उपक्रम, पब्लिक लिमिटेड फर्म से कर्मचारियों को जारी किए फोटोयुक्त सेवा पहचान पत्र, सांसद, विधायक, विधान परिषद सदस्यों को जारी किए गए सरकारी पहचान पत्र को वोटर मतदान करने के लिए पहचान के रूप में ला सकता है।
कंट्रोल रूम के इन नंबरों पर करें गड़बड़ी शिकायत
कलेक्ट्रेट स्थित चुनाव कार्यालय में स्थापित कंट्रोल रूम के दूरभाष नंबरों पर चुनाव में गड़बड़ी की शिकायत की जा सकती है। ये दूरभाष नंबर 0535-2207040, 0535-2207041, 0535-2207042, 0535-2207043 एवं 0535-2207044 हैं।