कर्मचारियों में शोक
एक ही दिन में दो मौतों से रेल कोच फैक्ट्री के कर्मचारियों में गहरा दुख है। परिसर में सन्नाटा पसरा हुआ है और साथी कर्मचारी इस क्षति पर शोक व्यक्त कर रहे हैं। जहां मीरा देवी की मौत का कारण बीमारी माना जा रहा है। वहीं सुदामा मीणा की मौत के कारणों का पता लगाने में पुलिस जुटी हुई है।
रोते बिलखते परिजनों का दर्द देख हर आंख हुई नम
आरेडिका के कॉलोनी परिसर में हुई दो दुखद घटनाओं के बाद दोनों परिवारों में मातम छा गया है। मृतकों के परिजनों का रो रोकर बुरा हाल है। आसपास के लोग भी इस दृश्य को देखकर भावुक हो उठे। टेक्नीशियन सुदामा मीणा की मौत के बाद उनकी पत्नी कमलेशा सदमे में हैं।
सुदामा की बेटियां शिवानी और सुलेखा पिता को याद कर बिलख रही हैं। घर में हर तरफ सन्नाटा पसरा है। रिश्तेदार और परिचित परिवार को ढाढ़स बंधाने में जुटे हैं। सुदामा ने यह कदम क्यों उठाया, इसका खुलासा नहीं हो सका है। पत्नी कमलेशा भी कुछ नहीं बता पा रही हैं कि पति ने ऐसा कदम क्यों उठाया है।
वहीं मीरा देवी की मौत ने भी परिवार को तोड़ दिया है। पति पारस गहरे सदमे में हैं। दोनों बच्चे मां को खोकर बेसहारा हो गए हैं। 12 वर्षीय बेटा हेमंत और 15 वर्षीय बेटी हेमलता कुमारी का रो रोकर बुरा हाल है। मृतका के भाई रविंद्र ने बताया कि दोनों बच्चे पढ़ाई में बहुत अच्छे हैं। उनके भविष्य को लेकर पूरा परिवार बेहद चिंतित है। उन्होंने बताया कि बहनोई ने दोनों बच्चों का दाखिला एक निजी विद्यालय में कराया है।