रायबरेली। लखनऊ से अमेठी के बीच फर्राटा भरने वाली ट्रेनों की रफ्तार में 16.75 किमी. की रेल लाइन बाधा बन रही है। वजह यह कि गंगागंज से रायबरेली होते हुए रूपामऊ तक रेल लाइन का दोहरीकरण अभी नहीं हो सका है। रायबरेली रेलवे स्टेशन पर भी काफी काम कराया जाना बाकी है। इसमें अभी समय लग सकता है। इस काम के पूरा होते ही सभी ट्रेनें फर्राटा भर सकेंगी।
2011-12 में लखनऊ के उतरेटिया से रायबरेली तक और वर्ष 2103-14 में रायबरेली से अमेठी तक 125.7 किमी. रेल लाइन के दोहरीकरण की स्वीकृति मिली थी।
इसे पूरा कराने के लिए कई चरणों में काम कराया गया, जिससे रेल लाइन को छोटे-छोटे हिस्से बांट दिया गया। जैसे-जैसे एक-एक हिस्से का काम पूरा होता रहा, वैसे-वैसे सीआरएस के निरीक्षण के बाद हरी झंडी मिलते ही उस पर ट्रेनों का संचालन शुरू होता रहा।
लखनऊ से अमेठी के बीच 125.7 किमी. की रेल लाइन में 108.96 किमी. रेल लाइन का दोहरीकरण पूरा हो चुका है। इसमें उतरेटिया से गंगागंज के बीच करीब 57.82 किमी., जायस से अमेठी के बीच 31.42 किमी. और रूपामऊ से जायस के बीच 19.72 किमी. रेल लाइन का दोहरीकरण शामिल है।
अब तक जिस हिस्से का दोहरीकरण हो चुका है, वहां ट्रेनों का संचालन दोनों ट्रैक से हो रहा है। गंगागंज से रायबरेली होते हुए रूपामऊ तक 16.75 किमी. का दोहरीकरण बाकी है।
ऐसे में लखनऊ-अमेठी के बीच फर्राटा भर रही ट्रेनों की रफ्तार गंगागंज-रूपामऊ के बीच कम हो जाती है। रायबरेली स्टेशन के पूर्वी हिस्से की तरह रूपामऊ तो पश्चिमी हिस्से की तरफ गंगागंज स्टेशन है। दोनों तरफ काम चल रहा है।
रायबरेली जंक्शन पर भी सौंदर्यीकरण का कार्य कराया जा रहा है, लेकिन दोहरीकरण पूरा करने में अभी समय लग सकता है। लखनऊ से अमेठी के बीच बाकी रह गए दोहरीकरण कार्य के पूरा होते ही ट्रेनों की रफ्तार में इजाफा होगा और लेटलतीफी दूर होगी।
रेलवे स्टेशन पर अभी काफी काम बाकी
रूपामऊ-गंगागंज के बीच स्थित रायबरेली जंक्शन पर अभी काफी काम कराया जाना बाकी है। इससे स्टेशन पर काफी कुछ नया भी दिखेगा। अभी रेलवे स्टेशन पर चार प्लेटफार्म हैं, जिसमें से प्लेटफार्म नंबर दो और तीन को तोड़ दिया जाएगा।
वजह यह कि इसे तोड़े बगैर दोहरीकरण की मेन लाइनें नहीं निकाली जा सकेंगी। प्लेटफार्म तोड़ने से पहले नया प्लेटफार्म बनाने का काम चल रहा है। पुराना फुट-ओवरब्रिज टूटेगा, उसकी जगह नया फुट-ओवरब्रिज बन रहा है। स्टेशन अधीक्षक राकेश कुमार का कहना है कि दोहरीकरण के साथ ही रायबरेली स्टेशन पर भी काफी काम कराया जाना है। नया प्लेटफार्म और फुट-ओवरब्रिज बन रहा है। दूसरे कार्य भी प्रगति पर है।