बछरावां के रानीखेड़ा गांव में फाइलेरिया अभियान का निरीक्षण करती केंद्रीय टीम।
रायबरेली। राष्ट्रीय फाइलेरिया उन्मूलन कार्यक्रम की भारत सरकार की टीम ने जिले के गांवों में पहुंचकर अभियान के सच को जाना। सात सदस्यीय टीम ने बछरावां और हरचंदपुर के गांवों में फाइलेरिया के मरीजों से बात की। इलाज के संबंध में जानकारी जुटाई।
आशा बहुओं, एएनएम आंगनबाड़ी कार्यकर्ताओं व समूह की महिलाओं से अभियान के बारे में बात की। जिला मुख्यालय पहुंचकर बैठक क अभियान की समीक्षा की। बेहतर कार्ययोजना और प्रगति पर सीएमओ डॉ. नवीन चंद्रा और जिला मलेरिया अधिकारी रमेशचंद्र यादव की तारीफ की।
राष्ट्रीय फाइलेरिया उन्मूलन कार्यक्रम के संयुक्त निदेशक डॉ. रिंकू शर्मा, राष्ट्रीय प्रबंधक सोमनाथ बनर्जी, जयराम पारस, डॉ. अखिला, विकास द्विवेदी, डॉ. शैलेंद्र मिश्रा की टीम सबसे पहले बछरावां ब्लॉक क्षेत्र के सुबंशखेड़ा गांव पहुंचकर आशा व टीम के सदस्यों से अभियान के बारे में जानकारी ली।
कोटेदार से अभियान में सहयोग करने की अपील की। रामपालखेड़ा और रानीखेड़ा में फाइलेरिया के मरीजों से मिलकर बात की। इस दौरान टीम के सदस्यों ने समूह की महिलाओं और आंगनबाड़ी कार्यकर्ताओं से भी बात की। टीम ने हरचंदपुर क्षेत्र के डिघौरा सोममऊ गांव में पहुंचकर अभियान की प्रगति की जांच की।
टीम ने जिला मुख्यालय पहुंचकर अभियान की समीक्षा बैठक की। अन्य विभागों के सहयोग से अभियान को शत प्रतिशत सफल बनाने का अनुरोध किया। बैठक में सीडीओ अर्पित उपाध्याय, सीएमओ डॉ. नवीनचंद्रा, जिला मलेरिया अधिकारी रमेशचंद्र यादव आदि अधिकारी मौजूद रहे। मलेरिया अधिकारी ने बताया कि जिन गांवों में कुछ समस्याएं आ रही हैं, उन गांवों में लोगों को दवा खाने के लिए अधिकारियों की टीम को प्रेरित करने के काम में लगाया गया है।