रायबरेली। गंगा का जलस्तर चेतावनी बिंदु से महज 20 सेमी. दूर है। किसानों की बोई गई फसलें डूब गई हैं। मिट्टी कटान तेज हो गई है। गांवों की तरफ पानी बढ़ रहा है। नदी के उफान पर होने से कटरी क्षेत्र के लोगों में हड़कंप मचा है। तहसील प्रशासन का दावा है कि बाढ़ से निपटने की पूरी तैयारी कर ली गई है। लेखपालों को अलर्ट कर दिया गया है।
गंगा नदी का चेतावनी बिंदु 98.360 मीटर और खतरे का निशान बिंदु 99.360 मीटर है। केंद्रीय जल आयोग डलमऊ के मुताबिक रविवार को गंगा नदी का जलस्तर चेतावनी बिंदु के सापेक्ष 98.160 मीटर पर पहुंच गया। ऐसे में अब 20 सेमी. चेतावनी बिंदु से फासला शेष रह गया है। गंगा नदी का जलस्तर दो घंटा में एक सेंटीमीटर की रफ्तार से बढ़ रहा है।
गंगा नदी के जलस्तर में बढ़ोतरी से कृषि भूमि का कटान तेजी से हो रहा है। कटरी क्षेत्र में धान, तिल आदि की फसल डूब गई है। जलस्तर बढ़ने के कारण ग्रामीण क्षेत्रों से निकलकर गंगा नदी में मिलने वाले नदी नालों के जरिए गंगा नदी का पानी कटरी क्षेत्र की कृषि भूमि के साथ-साथ ग्रामीण क्षेत्रों के आसपास भरने से लोगों को अपने खेतों तक जाने की समस्या व्याप्त होने लगी है।
गांव के हरिकेश, राजबहादुर, शिवकेश, बबलू द्विवेदी, रामशंकर, मोहनलाल का कहना है कि गंगा का जलस्तर बढ़ने से लोगों में दहशत है। एसडीएम सविता यादव का कहना है कि लेखपालों से गंगा नदी के जलस्तर की निगरानी कराई जा रही है। बाढ़ आने पर लोगों को सुरक्षित स्थानों पर पहुंचा दिया जाएगा।