रायबरेली। दीपावली पर घटिया खाद्य पदार्थों की बिक्री और मिलावटखोरी को रोकने के लिए शुक्रवार से एफएसडीए ने छापेमारी अभियान शुरू कर दिया। टीम ने पहले ही दिन ऊंचाहार में सिंथेटिक कलर से तैयार किए जा रहे चीनी के खिलौने पकड़े।
जांच में प्रथमदृष्टया यह कलर सेहत के लिए खतरनाक पाए जाने पर करीब 150 किलो चीनी के रंगीन खिलौनों को नष्ट करा दिया गया। रंगीन खिलौने समेत चार नमूने भरकर प्रयोगशाला जांच के लिए लखनऊ भेजा गया है।
एफएसडीए के आयुक्त के आदेश पर शुक्रवार से एफएसडीए ने मिलावटखोरी के खिलाफ अभियान शुरू कर दिया है। टीम ने सबसे पहले ऊंचाहार के गायत्री नगर में राजेश कुमार की दुकान पर छापा मारा। यहां दीपावली पर बेचने के लिए सिंथेटिक कलर से चीनी के रंगीन खिलौने बनाए जा रहे थे।
इन खिलौने की जांच की गई तो प्रथमदृष्टया कलर खाने योग्य नहीं पाया गया। एफएसओ अरुण कुमार ने रंगीन खिलौने के नमूने भरने के साथ ही करीब 150 किलो रंगीन खिलौनों को नष्ट करवा दिया। साथ ही दुकानदार को रंगीन खिलौने न बनाने के आदेश दिए। छापे के दौरान बाबूगंज में जगन्नाथ की दुकान से एफएसओ अंजली श्रीवास्तव ने नमकीन का नमूना सील किया।
बाबूगंज में ही मिश्रीलाल की दुकान से मयूर ब्रांड वनस्पति का नमूना एफएसओ रमाशंकर ने सील किया। यहीं पर गंगापार के घोसियाना निवासी मो. आलम को रोककर पनीर का नमूना एफएसओ अमरनाथ ने सील किया। छापे पड़ने की कार्रवाई से मिलावटखोरों में हड़कंप मच गया। कई दुकानदार दुकानें बंद करके भाग गए।
जिले में बढ़ गई मिलावटी मावे की आमद
दीपावली के मद्देनजर जिले में मिलावटी खोआ की आमद बढ़ गई है। कानपुर, फतेहपुर आदि जिलों से चोरी से खोआ मंगवाया जा रहा है। हालांकि विभाग गैर जिलों से आ रहे घटिया खोआ पकड़ने के प्रयास में है। चर्चा है कि लग्जरी वाहनों से खोया आने के कारण इसकी भनक किसी को नहीं लग पा रही है। हालांकि खाद्य सुरक्षा अधिकारी गोरखधंधे को पकड़ने के प्रयास में हैं।
आयुक्त के निर्देश पर दीपावली पर मिलावटी व घटिया खाद्य सामग्री की बिक्री रोकने के लिए शुक्रवार से अभियान शुरू करा दिया गया है। पहले दिन ऊंचाहार क्षेत्र में सिंथेटिक कलर से तैयार हो रहे चीनी के रंगीन खिलौने नष्ट कराए गए हैं। चार नमूने भी सील करके जांच के लिए प्रयोगशाला भेजा गया है।
-इंद्र बहादुर यादव, प्रभारी अभिहित अधिकारी एफएसडीए