रायबरेली में पिता हरिओम की हत्या के बाद से इकलौती बेटी ने दादी पर गंभीर आरोप लगाए हैं। उसका कहना है कि पांच माह से पापा से बात नहीं हुई थी। कॉल करती थी तो दादी पापा से बात नहीं कराती थीं। कहती थीं कि पापा बाहर गए हैं। पापा उनसे मिलने घर आ रहे थे, तभी उनकी हत्या कर दी गई।
यूपी के रायबरेली के ऊंचाहार के ईश्वरदासपुर में बुधवार रात चोर समझकर फतेहपुर निवासी हरिओम की पीटकर हत्या के मामले में इकलौती बेटी सामने आई है। पिता हरिओम की हत्या के बाद से इकलौती बेटी अनन्या गमगीन है। पापा के बारे में पूछते ही अनन्या रो पड़ती है।
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कहती है कि पांच माह से पापा से बात नहीं हुई थी। कॉल करती थी तो दादी पापा से बात नहीं कराती थीं। कहती थीं कि पापा बाहर गए हैं। पापा उनसे मिलने घर आ रहे थे, तभी उनकी हत्या कर दी गई।
बेटी का कहना है कि पापा उनसे बहुत प्यार करते थे। पांच माह पहले जब उनसे बात हुई थी तो कहा था कि दीपावली पर घर आएंगे और उनके लिए कपड़े और मिठाई लाएंगे। अनन्या ऊंचाहार कस्बे के नई बस्ती में नाना छोटेलाल और मां के साथ रहती है।
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2011 में हुई थी संगीता और हरिओम की शादी
वह सरस्वती विद्या मंदिर एनटीपीसी में कक्षा पांच की छात्रा है। मृतक हरिओम की ऊंचाहार कस्बा स्थित नई बस्ती में ससुराल है। पिंकी उर्फ संगीता की शादी 2011 में फतेहपुर जिले के पूरे तुराब अली निवासी हरिओम के साथ हुई थी।
बैंक में संविदाकर्मी हैं संगीता
पिंकी भारतीय स्टेट बैंक की शाखा एनटीपीसी में संविदाकर्मी हैं। वह बताती हैं कि पति मानसिक रूप से बीमार थे। धोखे से उनकी शादी करा दी गई। 2015 में आर्थिक तंगी आ गई, क्योंकि पति तो मानसिक रूप से बीमार थे। ऐसे में बेटी के साथ पिता के घर आ गई और यहीं पर नौकरी कर ली।
पति की हत्या से गमगीन संगीता कहती हैं कि उन्हें इंसाफ चाहिए। पति की हत्या के बाद ससुराल पक्ष सहयोग नहीं कर रहा। ससुर छोटेलाल बताते हैं कि बृहस्पतिवार को दामाद की हत्या की जानकारी हुई, तो बेटी को लेकर पोस्टमार्टम हाउस गया था।
युवक की हत्या में कांग्रेस हमलावर
चोर समझकर पीटकर मारे गए हरिओम की के मामले में कांग्रेस प्रदेश सरकार पर हमलावर है। कांग्रेस हाईकमान ने इसे दलित उत्पीड़न से जोड़ते हुए गंभीरता से लिया है। पार्टी इसे लगातार मुद्दा बना रही है। पार्टी नेताओं के अनुसार जिस तरह हाथरस, उन्नाव, मध्य प्रदेश की घटनाओं पर कांग्रेस ने बड़े स्तर पर धरना प्रदर्शन किया था।
इस मामले भी पार्टी कुछ ऐसा ही करने को सोच रही है। हालांकि, सांसद राहुल गांधी ने गत दिनों युवक के पिता से बात की थी तो सोमवार को प्रदेश कांग्रेस अध्यक्ष अजय राय ने पीड़ित परिवार से मिलकर न्याय दिलाने की बात कही थी।
अब कांग्रेस के राष्ट्रीय अध्यक्ष मल्लिकार्जुन खरगे ने भी हत्या की निंदा करते हुए सरकार से सवाल किए हैं। ऐसे में जिस तरह से कांग्रेस इस मामले में आक्रामक है, उससे साफ है कि बिहार चुनाव प्रचार में भी यह मुद्दा उछलेगा। कांग्रेस के राष्ट्रीय अध्यक्ष मल्लिकार्जुन खरगे ने हरिओम की हत्या पर कहा है कि जो रायबरेली में हुआ है, यह देश में संविधान के प्रति घोर अपराध है।
दलित समुदाय के प्रति अपराध है और इस देश व समाज पर कलंक है। उन्होंने कहा कि देश में दलितों, अल्पसंख्यकों और गरीबों पर अपराध की संख्या हद से ज्यादा बढ़ गई है। 2014 के बाद से मॉब लिंचिंग, बुलडोजर अन्याय और भीड़तंत्र जैसी प्रवृत्तियां हमारे समय की भयावह पहचान बन चुकी हैं।
हरिओम की हत्या पर रोष व्यक्त करते हुए कहा कि चाहे हाथरस और उन्नाव में महिलाओं के खिलाफ अपराध हो, रायबरेली में हरिओम की हत्या या कुछ समय पहले रोहित वेमुला की संस्थागत हत्या, ये घटनाएं सत्ताधारी शक्तियों की बढ़ती संवेदनहीनता का दर्पण हैं।
लखनऊ में एनएसयूआई ने किया प्रदर्शन
रायबरेली में दलित युवक हरिओम की हत्या के विरोध में मंगलवार को एनएसयूआई कार्यकर्ताओं ने प्रदर्शन किया। राजभवन से हजरतगंज स्थित अटल चौक पर नारेबाजी करते हुए पहुंचे प्रदर्शनकारियों और पुलिस के बीच नोकझोंक हुई।
पुलिस ने सभी को जबरन बस में लाद कर ईको गार्डन रवाना कर दिया। प्रदर्शनकारियों की अगुवाई कर रहे शुभम खरवार ने कहा कि रायबरेली में युवक की मॉब लिंचिंग हुई है। उन्होंने कहा कि ये घटना इंसानियत और न्याय की हत्या है।