रायबरेली। बछरावां क्षेत्र में मौरावां मार्ग स्थित प्राथमिक विद्यालय टांडा में लंबे अरसे से चले आ रहे जमीन के विवाद में नया मोड़ आ गया है। विद्यालय परिसर में कराए जा रहे निर्माण को लेकर प्रधानाध्यापिका को धमकियां मिलने लगी हैं।
इससे विद्यालय का पूरा स्टाफ भयभीत है। यही वजह है कि गुरुवार को प्रधानाध्यापिका समेत पूरा स्टाफ विद्यालय न जाकर ब्लॉक संसाधन केंद्र पहुंचा और उपस्थिति दर्ज कराई। बीआरसी से ही अधिकारियों से मामले की शिकायत की।
मामला थाने पहुंचा तो पुलिस ने विद्यालय जाकर मौका मुआयना भी किया, लेकिन अभी तक मामले में कोई केस दर्ज नहीं हुआ है। प्राथमिक विद्यालय के प्रांगण की जमीन को लेकर लंबे अरसे से गांव के ही वीरेंद्र नाम के एक व्यक्ति से विवाद चल रहा है।
प्रधानाध्यापिका विभा सिंह ने बताया कि बुधवार को विद्यालय प्रांगण में मंच बनाने के लिए गड्ढा खुदवाया जा रहा था। शाम लगभग 5 बजे वीरेंद्र ने मोबाइल पर धमकियां दीं। प्रधानाध्यापिका का कहना है कि धमकी देने वाला व्यक्ति आए दिन नशे की हालत में विद्यालय की शिक्षिकाओं को धमकाता रहता है।
विद्यालय के कमरों में ताला लगा कर मवेशी पालने की बात कहा करता है। कई बार विभागीय अधिकारियों को अवगत कराया गया, लेकिन कोई कार्रवाई नहीं हुई। लगातार धमकियां मिलने से भयभीत प्रधानाध्यापिका समेत सभी स्टाफ ने गुरुवार को विद्यालय जाने के बजाए ब्लॉक संसाधन केंद्र में उपस्थिति दर्ज कराई।
इस विद्यालय में सहायक अध्यापिका अर्चना सिंह, रसोइया कमलावती एवं दीपाली भी कार्यरत हैं। थानाध्यक्ष राकेश सिंह ने बताया कि स्कूल स्टाफ के साथ अभद्रता की शिकायत मिली है। मौके पर पुलिस गई थी। आरोपी फरार हो गया है।
उसकी तलाश की जा रही है। खंड शिक्षा अधिकारी पद्म शेखर मौर्य का कहना है कि प्राथमिक विद्यालय टांडा की प्रधानाध्यापिका की शिकायत पर अभद्रता करने वाले व्यक्ति के विरुद्ध कार्रवाई के लिए थानाध्यक्ष को पत्र लिखा गया है। विद्यालय के भूमि संबंधी दस्तावेज भी जुटाए जा रहे हैं।
उपजिलाधिकारी विनय मिश्रा ने बताया कि मामले की जानकारी होने पर पुलिस को विद्यालय भेजा गया। विद्यालय में अराजकता फैलाने वाले पर कार्यवाही की जा रही है। विद्यालय में किसी प्रकार की अराजकता बर्दाश्त नहीं की जाएगी।