रायबरेली। जिले के अधिकारियों ने लापरवाही की हद ही पार कर दी। सीडीओ अंजूलता ने प्रधानों के खिलाफ हुईं शिकायतों के निस्तारण के लिए समीक्षा बैठक बुलाई तो आठ अधिकारी नहीं आए। नाराजगी जताते हुए सीडीओ ने संबंधित अधिकारियों को कारण बताओ नोटिस देकर तीन दिन में स्पष्टीकरण देने के आदेश दिए हैं। सात दिन में शिकायतों का निस्तारण कर साक्ष्य समेत रिपोर्ट तलब की है।
गत बृहस्पतिवार को सीडीओ ने प्रधानों के खिलाफ शिकायतों की जांच कर रहे अधिकारियों को निस्तारण की प्रगति के साथ अपने कार्यालय में तलब किया था। पहले से सूचना देने के बाद भी नलकूप खंड के अधिशासी अभियंता, जल निगम शहरी के अधिशासी अभियंता, जिला खादी ग्रामोद्योग अधिकारी, जिला गन्ना अधिकारी, जिला खाद्य विपणन अधिकारी, जिला कार्यक्रम अधिकारी, सिंचाई खंड के अधिशासी अभियंता और उप कृषि निदेशक बैठक में शामिल होने के लिए नहीं पहुंचे।
अधिकारियों के न आने के कारण शिकायतों के निस्तारण की समीक्षा नहीं हो सकी। मामले में सीडीओ ने संबंधित अधिकारियों को कारण बताओ नोटिस देकर तीन दिन में जवाब मांगा है। इसके अलावा प्रधानों के खिलाफ शिकायतों की जांच करके साक्ष्यों के साथ सात दिन में जवाब देने का भी आदेश दिया है। सीडीओ अंजूलता ने बताया कि सात दिन में शिकायतों का निस्तारण करके जवाब न देने वाले अधिकारियों के खिलाफ कार्रवाई के लिए लिखापढ़ी की जाएगी। संबंधित अधिकारियों को नोटिस देकर जवाब मांगा गया है।