रायबरेली। सेशन कोर्ट ने डलमऊ में करीब 16 साल पुराने हत्या व हत्या के प्रयास से जुड़े एक मामले में चार अभियुक्तों को आजीवन कारावास की सजा सुनाई। यह फैसला जिला एवं सत्र न्यायाधीश अब्दुल शाहिद ने मंगलवार को सुनाया।
अभियोजन पक्ष की ओर से पैरवी करने वाले प्रभारी डीजीसी (क्रिमिनल) अजय मौर्य के मुताबिक मामले की रिपोर्ट डलमऊ के खरकपुर कुर्मियाना निवासी सुशील कुमार ने दर्ज कराई थी। रिपोर्ट के अनुसार चार अप्रैल 2006 की रात करीब साढ़े दस बजे मुकदमा वादी अपने पिता जवाहर लाल चौधरी व भाई प्रमोद कुमार के साथ फसल काटकर घर आ रहा था। तभी गांव के किनारे कमल सिंह, उदय सिंह, विजय सिंह, रामराज व रमेश कुमार गाली-गलौज करने लगे। इसी दौरान कमल ने बांके से वादी के पिता के सिर पर वार कर दिया। सभी ने वादी व उसके भाई को भी लाठी-डंडों से मारा। इलाज के दौरान जवाहर लाल चौधरी की मृत्यु हो गई।
पुलिस ने विवेचना के बाद कमल सिंह, उदय सिंह, विजय सिंह, रामराज व रमेश कुमार के खिलाफ हत्या व हत्या की कोशिश समेत कई अन्य धाराओं में चार्जशीट कोर्ट में दाखिल की। दौरान विचारण उदय सिंह की मृत्यु हो गई। कोर्ट ने दोनों पक्षों की बहस सुनने के बाद पत्रावली पर उपलब्ध साक्ष्य के आधार पर शेष चारों अभियुक्तों को उम्रकैद की सजा सुनाई।