रायबरेली। जिला पंचायत सदस्य वीरेंद्र यादव और राजू सोनार की चल-अचल संपत्ति कुर्क करने के बाद अब पुलिस की नजर इन दोनों के करीबियों पर है। पुलिस इन अपराधियों के करीबियों को बेनकाब करेगी। पुलिस सूत्र बताते हैं कि अब तक की पड़ताल में कुछ ऐसे लोगों के नाम सामने आएं हैं, जिन्होंने इनसे जुड़कर धन अर्जित किया है या फिर दोनों को गलत तरीके से चल-अचल संपत्ति जुटाने में मदद की है। शातिर अपराधी राजू सोनार द्वारा जमीनों में बड़ी हेराफेरी किए जाने की आशंका है।
शहर के शाह टोला मुरइयापुर निवासी राजीव कुमार उर्फ राजू सोनार और भदोखर थाना क्षेत्र के नई बस्ती मुंशीगंज निवासी जिला पंचायत सदस्य वीरेंद्र यादव की दो करोड़ से ज्यादा की चल-अचल संपत्ति पुलिस ने रविवार को गैंगस्टर एक्ट के तहत कुर्क की थी। दोनों अपराधियों के खिलाफ कार्रवाई के बाद पुलिस ने इन दोनों के करीबियों को खंगालना शुरू कर दिया है। पुलिस पता लगा रही है कि इन दोनों के पास किन-किन लोगों का आना जाना है।
सीओ सदर डॉ. अंजनी कुमार चतुर्वेदी का कहना है कि वीरेंद्र पर 15 और राजू पर 22 आपराधिक मुकदमे दर्ज हैं। दोनों ने अपराध के जरिए गलत तरीके से संपत्ति जुटाई थी, जिसे कुर्क किया गया है। दोनों अपराधियों के करीबियों को चिह्नित कराया जा रहा है। यदि करीबियों ने भी अवैध तरीके से धन अर्जित किया है तो उनके खिलाफ भी कार्रवाई कराई जाएगी। किसी को बख्शा नहीं जाएगा।
शातिर अपराधी राजू सोनार द्वारा जमीनों में बड़ी हेराफेरी किए जाने की आशंका है। कुछ माह पहले राजू पर आरोप लगा था कि उसने राजघाट के पास एक व्यक्ति की जमीन धोखाधड़ी से ज्यादा लिखा ली है। इस मामले की जांच तत्कालीन जहानाबाद चौकी प्रभारी अरविंद पांडेय को मिली थी। तत्कालीन चौकी प्रभारी ने मामले में सख्ती बरतना शुरू किया था तो फर्जी शिकायत करके चौकी प्रभारी को लाइन हाजिर करा दिया गया था।
सदर कोतवाली पुलिस इस मामले की जांच कर रही है। सीओ का कहना है कि पता लगाया जा रहा है कि राजू सोनार ने कितनी जमीनों में हेराफेरी करके उसे अपना नाम या दूसरे के नाम कराया। जिला पंचायत सदस्य वीरेंद्र यादव की कुर्क की गई स्कार्पियो भदोखर पुलिस ने सोमवार को एक गैरेज से बरामद कर ली। बताया जा रहा है कि यह गाड़ी एक हादसे में क्षतिग्रस्त हो गई थी, तब से गैरेज ही में खड़ी थी। अंदर खाने इसी गाड़ी से एक माननीय के बैठकर घूमने की भी चर्चा है।
भदोखर थानेदार राम आशीष उपाध्याय, उपनिरीक्षक राजेश यादव ने पुलिस टीम के साथ शहर के मनिका रोड स्थित एक गैरेज से कुर्क की गई स्कार्पियो को बरामद किया। थानेदार ने बताया कि रविवार को वीरेंद्र यादव की अहमदपुर नजूल में एक करोड़ रुपये कीमत की जमीन, 18 लाख की दो स्कार्पियो और 50 हजार रुपये की एक कार को कुर्क किया गया था। इसमें से एक स्कार्पियो को गैरेज से बरामद किया गया। थानेदार का कहना है कि वीरेंद्र के बाद थाने के अन्य टॉपटेन अपराधियों के खिलाफ भी शिकंजा कसेगा।