रायबरेली। जिला अस्पताल में मरीजों को बाजार से दवाएं व जांच लिखने के मामले की जांच शुरू हो गई। डीएम के स्तर से गठित तीन सदस्यीय कमेटी ने मंगलवार को जिला अस्पताल पहुंचकर दस्तावेजों को खंगाला। ओपीडी व वार्डों में पहुंचकर मरीजों से पूछा कि डॉक्टरों ने बाजार से खरीदने के लिए दवा तो नहीं लिखी है।
प्रमुख सचिव के आदेश पर डीएम हर्षिता माथुर ने जांच के लिए एडीएम (न्यायिक) विशाल यादव, एसीएमओ डॉ. एके जैसल और वरिष्ठ परामर्शदाता डॉ. अल्ताफ हुसैन की जांच कमेटी गठित की है। कमेटी मंगलवार को ही जिला अस्पताल पहुंची। सबसे पहले कार्यालय में पहुंचकर रिटायर्ड कर्मचारियों के देयकों के भुगतान के संबंध में फाइलों को खंगाला।
काफी देर तक पत्रावलियों को चेक करने के बाद ओपीडी कक्षों के बाहर पहुंचकर मरीजों के परचों को देखा। मरीजों से बाजार से खरीदने के लिए दवा की परची के संबंध में भी पूछताछ की। इसके बाद वार्डों में भी पहुंचकर मरीजों का हाल जाना। एडीएम विशाल यादव ने बताया कि मामले की जांच की जा रही है। जल्द ही डीएम को अपनी रिपोर्ट देंगे।