रायबरेली। एक जुलाई से विशेष टीकाकरण की तैयारी धरी रह गई है। मात्र 3900 डोज वैक्सीन मिलने के कारण पहले दिन 280 स्थानों पर होने वाले टीकाकरण के काम पर ब्रेक लग गया है।
वैक्सीन आने के बाद ही टीकाकरण में तेजी आ सकेगी। यहां तक वर्कप्लेस के सेंटरों पर भी टीकाकरण नहीं कराया जाएगा। वैक्सीन की बेहद कमी के कारण गुरुवार को लोगों को टीका लगवाने के लिए भटकना पड़ेगा।
शासन ने एक जुलाई से टीकाकरण में तेजी लाने के लिए माइक्रो प्लान तैयार कराया था। ग्रामीण क्षेत्रों के लिए विकास खंड को तथा शहरी क्षेत्र में शहरी निकाय को इकाई के रूप में लेकर कार्ययोजना बनाई गई थी।
इकाइयों को क्लस्टर में बांटकर टीकाकरण अभियान शुरू कराने का लक्ष्य रखा गया था। एक साथ 280 स्थानों पर टीकाकरण करवाने का लक्ष्य रखा गया था। टीमों में सभी एएनएम, आशा आदि को शामिल किया गया था।
गांवों में टीमों के पहुंचते ही घर-घर बुलावा परची भी भेजने की व्यवस्था की गई थी, लेकिन जिले को मात्र 3900 डोज वैक्सीन ही मिलने के कारण पूरी की पूरी तैयारी धरी रह गई है।
गुरुवार को पहले ही दिन स्वास्थ्य विभाग तैयार माइक्रोप्लान के तरह टीकाकरण शुरू नहीं कराएगा। जब भी पर्याप्त वैक्सीन मिलेगी तो टीकाकरण नए अभियान के रूप में शुरू हो सकेगा।
स्थिति यह है कि वैक्सीन कम मिलने के कारण वर्कप्लेस के सेंटरों पर भी गुरुवार को टीकाकरण नहीं हो पाएगा। गुरुवार को लोगों को टीका लगवाने के लिए परेशान ही होना होगा। सेंटरों को बेहद कम वैक्सीन मुहैया कराई गई है।
शहर को मिली 900 डोज वैक्सीन, स्लॉट बुकिंग रोकी
जिले को मिली 3900 डोज वैक्सीन में 900 डोज वैक्सीन शहर के सेंटरों को दी गई है। शहर के चार सेंटरों पर 50-50 स्लॉट बुक कराए जाने के बाद बुकिंग को रोक दिया गया है।
एनएचएम के जिला शहरी समन्वयक विनय पांडेय ने बताया कि काफी कम वैक्सीन मिलने के बाद वर्कप्लेस सेंटरों पर टीकाकरण नहीं हो पाएगा। जिला अस्पताल, आईएमए, पीएचसी देवानंदपुर और गोराबाजार में टीकाकरण होगा।
एक जुलाई से टीकाकरण के लिए 280 क्लस्टर बनाए गए थे, लेकिन वैक्सीन कम होने के कारण सभी क्लस्टरों में काम नहीं होगा। शहर के साथ ही जरूरी स्थानों पर टीकाकरण कराया जाएगा। पर्याप्त वैक्सीन मिलने के बाद प्रभावी ढंग से टीकाकरण का काम शुरू होगा।
डॉ. वीरेंद्र सिंह, सीएमओ