महराजगंज (रायबरेली)। आखिर अमर उजाला में खबर छपने के बाद कुंभकर्णी नींद में सो रहे स्वास्थ्य विभाग के अफसरों की नींद टूटी। मंगलवार को स्वास्थ्य टीम मऊगर्वी गांव पहुंचकर 50 लोगों की कोरोना जांच की।
हालांकि कोई भी व्यक्ति कोरोना संक्रमति नहीं पाया गया। स्वास्थ्य टीम उन घरों पर भी पहुंचा, जिनकी असामायिक मौत हो गई थी। परिवारीजनों से टीम में शामिल अफसरों ने जानने का प्रयास किया कि किस वजह से मौतें हुई। गांव में सैनिटाइजेशन भी कराया गया।
मंगलवार के अंक में अमर उजाला ने एक माह में 25 लोगों की मौत, कई का चल रहा इलाज शीर्षक से खबर प्रकाशित की थी। इसमें जिक्र किया गया था कि मऊगर्वी ग्राम पंचायत और उसके पुरवे बरीबरा में एक माह में 25 लोगों की मौत हो चुकी हैं।
मौतों के बाद भी स्वास्थ्य टीम न तो गांव पहुंची और न ही लोगों की जांच की। मंगलवार को महराजगंज सीएचसी अधीक्षक डॉ. राधाकृष्णन की अगुवाई में डॉ. अनुज कुमार सिंह, आरएन सिंह, इबरार अहमद, बीपीसीएम शिवाकांत तिवारी ने गांव पहुंचकर लोगों की जांच की और उन्हें कोरोना के प्रति जागरूक किया।
सीएचसी अधीक्षक ने बताया कि गांव में जाकर लोगों की जांच कराई गई। कोई भी कोरोना संक्रमति नहीं पाया गया है। कोरोना को देखते हुए लोगों से सतर्कता बरतने के लिए कहा गया।