चुनाव आयोग ने विधान सभा चुनाव का मतदाता सूची संवर्धन अभियान एक पखवारे के लिए बढ़ा दिया है। इस बार बूथ लेवल अधिकारियों पर नए मतदाता बढ़ाने पर जोर रहेगा। जिले में मतदाता सूची संवर्धन का काम दो माह से चल रहा था।
अभियान में कितने नए मतदाता जुड़े हैं, इसका ब्योरा जिला निर्वाचन अधिकारी ने सभी उप जिलाधिकारियों से 3 नवंबर तक तलब किया है। इसके अलावा महिला मतदाताओं की संख्या भी बढ़ाने को प्राथमिकता दी जाएगी।
प्रदेश चुनाव आयोग के आदेश पर जिले में विधानसभा सूची त्रुटि रहित बनाने के लिए सितंबर से 31 अक्तूबर तक विशेष अभियान चलाया गया। इसमें किस तहसील में कितने युवा मतदाता बने, इसका विवरण तहसीलों से मुख्यालय नहीं आया है।
इस पर नाराजगी व्यक्त करते हुए जिला निर्वाचन अधिकारी अनुज कुमार झा ने बुधवार को सभी उप जिलाधिकारियों की बैठक बुलाई। डीएम ने कहा कि शासकीय महत्व के इस काम में लापरवाही अक्षम्य होगी।
किसी भी गांव में एक जनवरी 2017 को 18 वर्ष की आयु पूरी करने वाले युवक-युवती का नाम छूटना नहीं चाहिए। सभी उपजिलाधिकारी इसकी क्रॉस चेकिंग कराएं। वे स्वयं भी बूथों पर जाकर मतदाता बढ़ाने की पुष्टि करेंगे।
सभी एसडीएम हर हाल में 3 नवंबर को अपनी तहसील में नए नाम जुड़ने, नाम कटने और पता संशोधित कराने वाले आवेदनों का पूरा ब्यौरा उपलब्ध कराएं। इसके अलावा नाम जुड़ने, कटने व पता संशोधित होने पर उसकी कंप्यूटर फीडिंग करा दें, जिससे मतदाता किसी भी समय ऑनलाइन अपना नाम देख सकें।
उप जिला निर्वाचन अधिकारी शत्रुहन वैश्य ने उप जिलाधिकारियों से कहा है कि मतदाता सूची बनाने का कार्य चुनाव आयोग ने 15 नवंबर तक बढ़ा दिया है।