डलमऊ (रायबरेली)। पहाड़ों पर हो रही बारिश के कारण गंगा नदी खतरे के निशान के करीब पहुंच गई है। चेतावनी बिंदु के पार मंगलवार को नदी का जलस्तर 98.530 मीटर नापा गया। नदी के बढ़ते जलस्तर से कटरी क्षेत्र में धान, उड़द, तिल और चारे की करीब 400 बीघा फसल डूब गई है। पानी भरने से फसल के सड़ने का खतरा हो गया है। अब नदी आबादी की ओर से बढ़ रही है। इससे कटरी क्षेत्र के लोगों में खौफ है। हर घंटे एक सेमी. गति की रफ्तार से नदी का जलस्तर बढ़ रहा है।
गंगा नदी का चेतावनी बिंदु 98.360 मीटर, जबकि खतरे का निशान बिंदु 99.360 मीटर है। केंद्रीय जल आयोग डलमऊ के मुताबिक सोमवार को नदी का जलस्तर चेतावनी बिंदु को पार करते हुए 98.440 मीटर पर पहुंच गया था।
मंगलवार को भी जलस्तर में बढ़ोतरी हुई। केंद्रीय जल आयोग के मुताबिक मंगलवार शाम छह बजे तक नदी का जलस्तर 98.530 मीटर नापा गया। अब पानी खतरे के निशान को छूने को बेताब दिख रहा है। हर घंटे एक सेमी. गति से नदी बढ़ रही है।
नदी के जलस्तर में हो रही बढ़ोतरी से चकमलिक भीटी, अंबहा, बबुरा, जमालनगर मोहद्दीनपुर, जहांगीराबाद, चांदपुर लुक गांवों में रहने वाले लोगों में दहशत का माहौल है। ग्रामीण श्रीप्रकाश, रामनिवास, जयकरण, साजन यादव, रामविलास, श्याम सुंदर, रामसजीवन, शत्रोह्न, रामकमार, जगन्नाथ, परमेश्वर ने बताया कि गंगा नदी का जलस्तर चेतावनी बिंदु पार करते हुए लगातार खतरे के निशान की ओर बढ़ रहा है।
चेतावनी बिंदु पार होते ही कटरी क्षेत्र में रोपी गई धान और बोई गई उड़द और चारे की लगभग 400 बीघा फसल डूब गई है। कुछ फसल तो सड़ने भी लगी है। इससे लागत भी निकालना मुश्किल हो गया है। एसडीएम डलमऊ आशाराम वर्मा ने बताया कि गंगा नदी के जलस्तर पर नजर रखी जा रही है। लेखपालों को फसल के नुकसान का सर्वे कार्य करने के लिए कहा गया है। फिलहाल अभी बाढ़ जैसे कोई हालात नहीं दिख रहे हैं। लोगों को सकुशल पहुंचाने के लिए नावों की व्यवस्था करा दी गई है।
संक्रामक बीमारी फैलने का मंडरा रहा खतरा
कटरी क्षेत्र में रहने वाले लोगों पर संक्रामक बीमारी फैलने का खतरा मंडरा रहा है। बावजूद इसको लेकर स्वास्थ्य विभाग गंभीर नहीं हैं। साथ ही साथ लोगों को जहरीले जंतु का खतरे का अंदेशा भी सता रहा है। ग्रामीण रामकिशन, जय नारायण, सिद्धनाथ, रामेश्वर, जय प्रकाश ने बताया कि कटरी क्षेत्र में जल भरा हो जाने के कारण पशुओं में चारे की गंभीर समस्या उत्पन्न है और जलस्तर बढ़ने से कृषि भूमि की कटान तेजी के साथ हो रही है। एसडीएम का कहना है कि कटरी क्षेत्र के गांवों में दवा का छिड़काव करने के निर्देश दिए गए हैं।