अमेठी जिले के सिंहपुर ब्लॉक क्षेत्र में सिंहपुर रजबहा की पटरी कटने से सिंचाई के लिए छोड़ा गया पानी खेतों और तालाबों में भर गया। दो दिन तक पटरी कटी पड़ी रही, लेकिन अफसरों ने उसे बंधवाने में तेजी नहीं दिखाई। हालांकि शनिवार को पटरी तो बंधवा दी गई, लेकिन रजबहा का पानी भी बंद कर दिया गया। इससे करीब 25 गांवों में सिंचाई का संकट पैदा हो गया है।
ब्लॉक क्षेत्र से होकर गुजरे सिंहपुर रजबहा की पटरी खारा गांव के पास दो दिन पहले कट गई थी। इसकी सूचना ग्रामीणों ने सिंचाई विभाग के अधिकारियों को दी, लेकिन किसी ने ध्यान नहीं दिया। ग्रामीण केतार सोनी, आशीष कुमार, राजाराम, खुशीराम, ब्रजेश सिंह, गुड्डू सिंह, शिवकुमार, रामकिशोर आदि ने बताया कि समय से कटान नहीं बंद कराया गया।
नतीजा यह हुआ कि रजबहे का पानी खाली पड़े खेतों और तालाबों में भर गया। वहीं पटरी कटने की वजह से पानी रजबहे में आगे नहीं बढ़ सका। नतीजा हुआ कि अहोरवा भवानी, पन्हौना, फत्तेपुर, राजापुर, मत्तेपुर, शेखनपुर, वतिया, जिजौली समेत करीब 25 गांवों के किसानों के सामने सिंचाई का संकट हो गया है। पानी न मिलने से धान की बेड़न डालने का काम बाधित है। वहीं खेतों में बोई धान की बेड़न भी सूख रही है।