रायबरेली। डी. फार्मा के छात्र आदित्य प्रताप सिंह की हत्या के मुख्य आरोपियों की गिरफ्तारी के बाद सोमू ढाबे के अवैध अतिक्रमण को हटा लेने की चेतावनी के बाद शनिवार को ढाबे के ध्वस्तीकरण की प्रक्रिया स्थगित हो गई। मामले में हाईकोर्ट ने मंडलायुक्त को 10 दिन में मामले का निस्तारण करने के बाद नियमानुसार कार्रवाई करने के आदेश दिए हैं।
मिलएरिया थाना क्षेत्र के रतापुर स्थित सोमू ढाबे में बीती नौ अक्तूबर की रात छात्र आदित्य प्रताप सिंह की हत्या कर दी गई थी। बीती 16 अक्तूबर को जिला प्रशासन की टीम ने रतापुर पहुंचकर सोमू ढाबे के आगे के भाग को ध्वस्त करा दिया था।
आरडीए के सचिव ने मामले में गंभीर रुख अपनाते हुए सोमू ढाबे के मालिक को 15 दिन के अंदर 30 गुणा 60 फिट में ढाबे के लिए कराए गए निर्माण को हटा लेने के आदेश दिए थे। ऐसा न करने पर ध्वस्तीकरण कराए जाने के आदेश दिए गए थे। तय समय में अवैध निर्माण न हटा लेने के बाद शनिवार को ढाबे का ध्वस्तीकरण होना था, लेकिन हाईकोर्ट के आदेश के बाद प्रक्रिया को स्थगित कर दिया गया।
आरडीए के सचिव एके राय ने बताया कि हाईकोर्ट ने 10 दिन में मंडलायुक्त को मामले के निस्तारण के आदेश दिए गए। साथ ही नियमानुसार कार्रवाई के आदेश दिए हैं। हाईकोर्ट के आदेश के बाद ध्वस्तीकरण की प्रक्रिया को रोक दिया गया है।