जिला पंचायत अध्यक्ष की कुर्सी हथियाने को लेकर अब डीडीसी सदस्यों को निशाना बनाना जा रहा है। ऐसा ही एक मामला प्रकाश में आया है, जिसमें एक महिला डीडीसी सदस्य और उसके पति का पहले अपहरण किया गया और फिर दोनों को बंधक बनाकर पीटा गया। किसी तरह पति उनके चंगुल से निकलकर चौकी पर पहुंचा और घटना की तहरीर दी।
पुलिस ने सक्रियता दिखाते हुए दो हमलावरों को दबोच इनके पास से रायफल, एक मैगजीन, 11 जिंदा कारतूस व चारपहिया वाहन बरामद किया है। परशदेपुर चौकी क्षेत्र के बंगला गांव निवासी शोभनाथ कोरी की पत्नी गीता देवी जिला पंचायत सदस्य हैं।
शुक्रवार को चौकी में दी गई तहरीर में शोभनाथ कोरी ने आरोप लगाया है कि गुरुवार को मटियारा चौराहा पर एक दुकान पर बैठा था। शाम चार बजे पंकज सिंह समेत चार लोग स्कार्पियो गाड़ी से आए और कहा चलो एमएलसी ने बुलाया है। इसके बाद मुझे और मेरी पत्नी गीता देवी को रायबरेली उठा ले गए।
एसओ जीडी शुक्ला के मुताबिक मामले में एमएलसी दिनेश प्रताप सिंह, जिला पंचायत अध्यक्ष अवधेश सिंह, हरचंदपुर विधायक राकेश सिंह समेत पांच के खिलाफ तहरीर दी गई है। पकड़े गए दो हमलावर एमएलसी के समर्थक बताए जा रहे हैं। जिला पंचायत सदस्य को बरामद करने के लिए छापेमारी की जी रही है। रिपोर्ट दर्ज की जाएगी।
जिला पंचायत अध्यक्ष की कुर्सी पर संकट के बादल मंडरा रहे हैं। 52 में से 32 जिला पंचायत सदस्यों ने जिला पंचायत अध्यक्ष की कार्यशैली से खफा होकर अविश्वास प्रस्ताव डीएम को सौंप दिया है। इसी के साथ जिला पंचायत अध्यक्ष की कुर्सी पर कब्जा करने को लेकर जिला पंचायत सदस्यों को अपने पाले में करने का प्रयास किया जा रहा है।
यह विवाद इसी का एक हिस्सा माना जा रहा है। डीएम अनुज कुमार झा ने मतदान और अविश्वास प्रस्ताव पर चर्चा के लिए 15 अप्रैल की तारीख तय कर दी है। इससे और हड़कंप मचा हुआ है।