रायबरेली। दिसंबर में जिस शिक्षिका का निधन हो गया था, उसका जनवरी का वेतन आहरित कर दिया गया। प्रकरण सुर्खियों में आया तो ब्लॉक से लेकर जिले तक के अफसरों के हाथ-पैर फूल गए।
नतीजतन आननफानन जांच कराई गई। प्रकरण सही निकला। शुक्रवार को बीएसए ने मृतक शिक्षिका का वेतन बिल पास करने वाले सहायक अध्यापक को निलंबित कर दिया। साथ ही प्रकरण में खंड शिक्षा अधिकारी को भी लापरवाह माना और उनसे स्पष्टीकरण तलब किया। मामला रोहनिया ब्लॉक क्षेत्र का है।
पूर्व माध्यमिक विद्यालय डेडौली में कार्यरत शिक्षिका सोनाक्षी तिवारी का निधन 27 दिसंबर 2018 को हो गया था। इसके बावजूद शिक्षिका का जनवरी का वेतन आहरित किया गया।
रोहनिया ब्लॉक में वेतन बिल का काम प्राथमिक विद्यालय गौसपुर के सहायक अध्यापक आदित्य कुमार वर्मा संभालते हैं। इस बारे में खंड शिक्षा अधिकारी रमेश चंद्र चौधरी ने अपनी आख्या बीएसए को उपलब्ध कराई, जिस पर बीएसए पीएन सिंह ने आदित्य को तत्काल प्रभाव से निलंबित कर दिया।
आदित्य को खंड शिक्षा अधिकारी कार्यालय रोहनिया से संबद्ध करते हुए खंड शिक्षा अधिकारी ऊंचाहार को जांच दी गई है।
बीएसए ने बताया कि प्रकरण में रोहनिया के बीईओ की भी लापरवाही सामने आई है। इसलिए बीईओ से तथ्यों सहित स्पष्टीकरण मांगा गया है। यदि संतोषजनक उत्तर नहीं मिला तो उनके खिलाफ भी कठोर कार्रवाई की जाएगी।
ट्रेनिंग से गायब पांच शिक्षकों का एक दिन का वेतन काटा
रायबरेली। जिला बेसिक शिक्षा अधिकारी पीएन सिंह ने शुक्रवार को ब्लॉक संसाधन केंद्र बछरावां में निरीक्षण किया। इस दौरान बीआरसी में चल रहे ग्रेडेड लर्निंग की ट्रेनिंग का जायजा भी लिया।
ट्रेनिंग में पांच शिक्षक अनुपस्थित पाए गए। इस पर इन सभी का एक-एक दिन का वेतन काटने का आदेश दिया। इसमें प्राथमिक विद्यालय बछऊपुर की शिक्षामित्र रूबी बेगम, प्राथमिक विद्यालय दोस्तपुर की सहायक अध्यापिका रेनू त्रिपाठी, प्राथमिक विद्यालय सेहगों प्रथम की सहायक अध्यापिका अर्चना यादव, प्राथमिक विद्यालय पलिया की सहायक अध्यापिका सरिता वर्मा और प्राथमिक विद्यालय बगही के सहायक अध्यापक स्वप्निल सिंह शामिल हैं।
बीएसए ने प्रशिक्षण में भाग ले रहे शिक्षकों को शिक्षा की गुणवत्ता बढ़ाने के उपाय बताए। सभी शिक्षकों को समझाया कि समय का ध्यान जरूर रखें और अपने कार्यों के प्रति जिम्मेदार बनें।