रायबरेली। जिले में डेढ़ माह बाद गुरुवार को कोरोना संक्रमण से एक भी मौत नहीं हुई। पहले से संक्रमित 127 मरीजों ने कोरोना को मात दी है। जिले में गुरुवार को 5327 लोगों की जांच की गई।
जिसमें महज 78 लोगों की रिपोर्ट पॉजिटिव आई। 1079 एक्टिव मरीजों में 698 मरीजों को होम आइसोलेट किया गया है। अब तक जिले में 299 संक्रमितों की मौत हो चुकी है।
जिला स्वास्थ्य शिक्षा अधिकारी डीएस अस्थाना ने बताया कि जिले में पिछले 24 घंटे में एक भी मरीज की मौत नहीं हुई है। रेलकोच के एल-2 अस्पताल में 79 और एम्स के एल-3 अस्पताल में 23 मरीजों का इलाज चल रहा है।
गुरुवार को स्वास्थ्य विभाग की टीमों ने अलग-अलग क्षेत्रों में पहुंचकर 5324 लोगों की जांच की। इसमें 78 लोगों की रिपोर्ट पॉजिटिव आई है। पहले से संक्रमित 127 मरीज डिस्चार्ज किए गए हैं। जिले में 1079 एक्टिव मरीजों में 698 मरीज होम आइसोलेट किए गए हैं।
चार मौतें दिखाई, इसमें तीन 15 दिन पहले की
पोर्टल पर ऑनलाइन न होने के कारण स्वास्थ्य विभाग को पुरानी चार मौतों को गुरुवार को शो करना पड़ा। गुरुवार को दिखाई गईं चारों मौतों में दो मौतें तीन मई और एक मौत 24 अप्रैल को हो गई थी।
इसके अलावा एक मौत बीती 15 मई को हुई थी। जिला स्वास्थ्य शिक्षा अधिकारी डीएस अस्थाना का कहना है कि पोर्टल पर फीडिंग न होने के कारण मौतों को शो नहीं किया गया। अब पोर्टल पर आने के बाद गुरुवार को उन्हें शो किया गया है। हालांकि 24 घंटे में जिले में एक भी कोरोना संक्रमित मरीज की मौत नहीं हुई है।
आधार लेकर आएं और कोरोना का टीका लगवाएं
घर से ऑनलाइन पंजीयन के निर्देश के बाद जिले में कोरोना टीकाकरण का लक्ष्य पिछड़ गया है। लक्ष्य को दुरुस्त करने के लिए 45 वर्ष की उम्र से अधिक के लोग टीकाकरण सेंटरों पर आधार लेकर पहुंच सकते हैं।
वहीं उनका पंजीयन करके टीका लगाया जाएगा। एनएचएम के जिला शहरी समन्वयक विनय पांडेय ने बताया कि 45 वर्ष से अधिक उम्र के लोग बिना पंजीयन कराए ही टीका लगवाने के लिए सेंटरों पर आ सकते हैं। उन्हें टीका लगाया जाएगा।
गुरुवार को जिले में 3100 लक्ष्य के सापेक्ष 476 लोगों में टीका लगाया गया है। इसमें जिला अस्पताल में 110 और एनटीपीसी अस्पताल में 100 लोगों में टीके लगाए गए हैं।