रायबरेली। बिटिया और उसके परिवारीजनों को न्याय दिलाने के लिए हाथरस जा रहे सांसद राहुल गांधी और प्रियंका वाड्रा के साथ हुए दुर्व्यवहार पर गुरुवार शाम जिले के कांग्रेसी भड़क उठे। कांग्रेसियों ने प्रदेश सरकार के खिलाफ तिलक भवन से मार्च निकाला तो पुलिस उन्हें रोक लिया। इस पर कांग्रेसियों की पुलिस के साथ धक्कामुक्की और तीखी झड़प हुई। इसके बाद कांग्रेसियों ने कचहरी रोड पर धरना देकर प्रदेश सरकार के खिलाफ नारेबाजी व प्रदर्शन किया।
सांसद राहुल गांधी और प्रियंका वाड्रा के साथ हाथरस जाते समय दुर्व्यवहार होने की खबर लगते ही यहां तिलक भवन में कांग्रेसी एकत्र हुए और जिलाध्यक्ष पंकज तिवारी, शहर अध्यक्ष धीरज श्रीवास्तव की अगुवाई में मार्च निकाला। यह मार्च दीवानी कचहरी चौराहे पर पहुंचा तो पुलिस ने रोक लिया। इस पर पुलिस के साथ तीखी तकरार हुई और फिर कांग्रेसी पुलिस के साथ धक्कामुक्की करते हुए जीआईसी तक पहुंच गए।
यहां पर भारी फोर्स ने उनको रोक लिया तो सभी धरने पर बैठ गए। इस दौरान कांग्रेसियों ने प्रदेश सरकार के खिलाफ भड़ास निकाली और राहुल और प्रियंका से दुर्व्यवहार करने वालों के खिलाफ कार्रवाई की मांग की। करीब पौन घंटे तक हंगामे के बाद भी जब पुलिस ने कांग्रेसियों को आगे नहीं बढ़ने दिया तो वो लौट गए। तिलक भवन से निकलते समय कांग्रेसियों की संख्या ज्यादा रही, लेकिन जैसे-जैसे पुलिस फोर्स की संख्या बढ़ती रही, वैसे-वैसे कांग्रेसियों की संख्या घटती रही। इस दौरान जिलाध्यक्ष और शहर अध्यक्ष के अलावा पंकज सोनकर, मनीष सोनकर, अंकुर सिंह, आयुष द्विवेदी, मुन्ना घोसी, रमेश शुक्ल, विजय शंकर अग्निहोत्री व महिला कांग्रेस संगठन की पदाधिकारी और कार्यकर्ता मौजूद आदि मौजूद रहे।
वहीं महिला कांग्रेस जिलाध्यक्ष शैलजा सिंह की अगुवाई में महिलाओं ने बलरामपुर में छात्रा से हुई हैवानियत और उसकी मौत के विरोध में कैंडल मार्च निकाला। तिलक भवन से हाथी पार्क स्थित अंबेडकर प्रतिमा तक पहुंचकर छात्रा के प्रति श्रद्धांजलि अर्पित की और परिवारीजनों को न्याय दिलाने के लिए प्रदेश सरकार से मांग की। डॉ. बबिता सिंह, डॉ. सुनीता गुप्ता, रेनू कौर, सुमित्रा रावत, रामावती रावत, सोनम साहू, रीना साहू, सुशीला शुक्ला आदि महिलाएं मौजूद रहीं।