रायबरेली। जिले में तैनात डलमऊ कोतवाल और सूची चौकी प्रभारी समेत आठ लोगों पर उन्नाव के माखी थाने में केस दर्ज हुआ है। साल 2021 में तैनाती के दौरान कोतवाल व सूची चौकी प्रभारी पर भूमि निर्माण कार्य कराने के नाम पर 50 हजार रुपये मांगने और न देने एक ही परिवार के तीन लोगों के साथ मारपीट का आरोप है। पुलिस के कार्रवाई न करने पर पीड़ित परिवार ने कोर्ट का दरवाजा खटखटाया था। प्रकरण की जांच उन्नाव के सीओ सफीपुर को सौंपी गई है।
उन्नाव शहर के जुराकनखेड़ा निवासी कमल किशोर ने उन्नाव में कोर्ट में प्रार्थनापत्र देकर बताया कि 24 फरवरी 2021 को मेथीटीकुर तहसील सफीपुर स्थित अपने प्लॉट का निर्माण कार्य करा रहे थे। इसी दौरान माखी थाना प्रभारी पवन कुमार सोनकर, उपनिरीक्षक स्वदेश कुमार, चार आरक्षी, वाहन चालक के साथ मौके पर आए और निर्माण कार्य रोकवा दिया। विरोध किया तो चुप रहने की धमकी दी।
प्लॉट पर कार्य शुरू कराने के नाम पर 50 हजार रुपये की मांग करने लगे। इसी दौरान उनका बेटा संकल्प मोबाइल से वीडियो बनाने लगा तो पुलिसकर्मियों ने जबरन गाड़ी पर बैठा लिया। उन्हें व उनके पिता को भी गाड़ी में बैठा लिया। थाने पर ले जाकर पिटाई की। कमल के मुताबिक पुलिसकर्मियों ने थाने के अंदर उन्हें 50 पट्टे मारे। पैंट की जेब से पांच हजार रुपये भी निकाल लिए।
उनके पिता को छोड़ दिया, लेकिन उनका, उनके बेटे का धारा-151 में चालान कर दिया। मौजूदा समय में पवन कुमार सोनकर रायबरेली के डलमऊ कोतवाली प्रभारी और उपनिरीक्षक स्वदेश कुमार सलोन कोतवाली के तहत आने वाली सूची चौकी प्रभारी के रूप में तैनात हैं। सभी के खिलाफ माखी थाने में केस दर्ज कराया गया।
अपर पुलिस अधीक्षक रायबरेली संजीव कुमार सिन्हा ने बताया कि डलमऊ कोतवाल और सूची चौकी प्रभारी के खिलाफ माखी थाने में 20 मार्च को केस दर्ज होने की जानकारी मिली है। सही मामला क्या है, इस बारे में पता लगाया जाएगा।