विरोध के बीच 300 प्लाटों पर चला बुलडोजर
सबहेड : दो हिरासत में, बिना ले-आउट पास कराए एम्स के करीब और बाईपास पर चल रहे प्लाटिंग के गोरखधंधे के खिलाफ अभियान
सिटी मजिस्ट्रेट और आरडीए के सचिव ने की कार्रवाई
रायबरेली-राही। शहर में मानकों को ताक पर रखकर बिना ले-आउट पाए कराए धड़ल्ले से हो रही प्लाटिंग के खिलाफ बुधवार को बड़ी कार्रवाई हुई। सिटी मजिस्ट्रेट और आरडीए के सचिव के नेतृत्व में टीम ने मुंशीगंज बाईपास और एम्स के पास 300 से अधिक प्लाटों पर हुए अवैध निर्माण को ध्वस्त करा दिया। बाईपास पर प्रॉपर्टी डीलरों ने कार्रवाई का विरोध किया।
अधिकारियों से अभद्र व्यवहार करने पर दो लोगों को हिरासत में लिया गया। मधुपुरी में लक्ष्मी शांती आवासीय योजना में भी 50 से अधिक अवैध प्लाटों के निर्माण ध्वस्त कराए गए। इससे प्रॉपर्टी डीलरों में हड़कंप मच गया। शहर में खुलेआम आरडीए से ले-आउट पास कराए बिना अवैध रूप से प्लाटिंग करके भूखंडों को बेचने का गोरखधंधा चल रहा है।
‘अमर उजाला’ ने 11 फरवरी के अंक में ‘बिना ले आउट पास कराए धड़ल्ले से चल रहा प्लाटिंग का गोरखधंधा’ शीर्षक और 12 फरवरी को ‘धड़ल्ले से बसाई जा रहीं छोट-छोटी बस्तियां’ शीर्षक से खबर प्रकाशित की थी। इसके बाद जिला प्रशासन ने राजघाट, दरीबा आदि क्षेत्रों में ध्वस्तीकरण के बाद मंगलवार को मुंशीगंज बाईपास और एम्स के पास डलमऊ रोड पर अभियान चलाया।
सिटी मजिस्ट्रेट युगराज सिंह, आरडीए के सचिव एके राय, अधिशासी अभियंता बीपी मौर्या, अवर अभियंता धनेश कुमार, राम मनोहर द्विवेदी, धर्मेंद्र सिंह, मुंशीगंज चौकी इंचार्ज लक्ष्मी नारायण द्विवेदी आदि अधिकारियों की टीम ने सबसे पहले मुंशीगंज बाईपास पर महेंद्र गुप्ता व नरेंद्र सिंह के 40 से अधिक प्लाटों के निर्माण को ध्वस्त कराया। विरोध करने पर दोनों को हिरासत में लिया गया।
इसके बाद बाईपास पर ही प्रॉपर्टी डीलर आनंद के 60 से अधिक प्लाटों पर हुए निर्माण को ध्वस्त कराया गया। एम्स के पास डलमऊ रोड पर मधुपुरी में लक्ष्मीशांती आवासीय योजना में 70 से अधिक प्लाटों पर हुए अवैध निर्माण को ध्वस्त कराया गया। इसके सामने भी 100 से अधिक प्लाटों के निर्माण गिराए गए। कई जगह प्रॉपर्टी डीलरों ने विरोध करने का प्रयास किया, लेकिन पुलिस की वजह से किसी की मुंह खोलने की हिम्मत नहीं पड़ी।
करीब पांच घंटे तक अभियान चलाने के बाद आरडीए की टीम मधुपुरी के आसपास पर कार्रवाई करके लौट आई, लेकिन उसी से कुछ ही दूरी पर दबंग प्रॉपर्टी डीलर बेंद नाले को पाटकर अवैध रूप से प्लाटिंग करके भूखंडों को बेचने का काम कर रहे हैं। कई प्लाटों पर तो भवनों के निर्माण का काम भी धड़ल्ले से चल रहा है। पं. रामेश्वर प्रसाद द्विवेदी महा विद्यालय के सामने तो करीब 200 अवैध प्लाट तैयार किए गए हैं।
बिना ले आउट पास कराए अवैध प्लाटिंग करके भूखंडों की बिक्री करने और निर्माण कराने वालों के खिलाफ अभियान शुरू कर दिया गया है। बुधवार को मुंशीगंज बाईपास और एम्स के आगे मधुपुरी में अभियान चलाकर 300 प्लाटों के अवैध निर्माण ध्वस्त कराए गए। अभियान को लगातार जारी रखा जाएगा।- एके राय, सचिव आरडीए