केंद्रीय मानव संसाधन विकास मंत्री स्मृति ईरानी ने कहा है कि अमेठी को
जल्द ही कृषि विज्ञान केंद्र की सौगात मिलेगी। भारत सरकार के कृषि मंत्रालय
ने इसकी मंजूरी दे दी है।
उन्होंने पिपरी गांव में घाघरा नदी पर बांध मंजूर होने की भी बात कही। वे शनिवार को सुभाष पशुपतिनाथ विद्यापीठ इंटर कॉलेज में जनसभा को संबोधित कर रही थीं।
स्मृति ने कहा कि प्रधानमंत्री फसल बीमा योजना से किसानों को फसल नुकसान का पूरा मुआवजा मिलेगा और सरकारी अमला अब इसमें खेल नहीं कर पाएगा।
दो दिवसीय दौरे पर अमेठी पहुंचीं स्मृति ईरानी ने तिलोई कस्बे के सुभाष पशुपतिनाथ इंटर कॉलेज में जनसभा में अपने संबोधन की शुरुआत पूर्व प्रधानमंत्री अटल बिहारी वाजपेयी की कविता ‘न हार में, न जीत में, किंचित नहीं भयभीत मैं, कर्तव्य पथ से मिले जो भी, ये भी सही, वो सही’ से की।
उन्होंने कहा कि प्रधानमंत्री फसल बीमा किसानों के लिए लाभकारी है। इसमें किसानों को दो फीसदी प्रीमियम ही देना पड़ेगा। बाकी प्रीमियम केंद्र और राज्य सरकार देगी।
जैसे 15 हजार रुपये का नुकसान हुआ है तो पूरा मुआवजा किसानों को मिलेगा। मुआवजा पाने के लिए अब किसानों को लेखपाल के सामने गिड़गिड़ाना नहीं पड़ेगा।
लेखपालों को किसान के नुकसान वाली फसल की फोटो अपलोड करनी होगी। इसमें लेखपाल कतई घालमेल नहीं कर पाएंगे। उन्होंने कहा कि जिन किसानों को अभी फसल बर्बादी का मुआवजा नहीं मिला है।
उनके लिए वे अमेठी जिलाधिकारी से मुलाकात करेंगी। हर किसान को फसल नुकसान का मुआवजा दिलाया जाएगा। स्मृति ईरानी ने कहा कि अमेठी में कृषि ही विज्ञान केंद्र को भारत सरकार ने मंजूरी दे दी है और जल्द ही इसकी आधारशिला रखी जाएगी।
इसके अलावा अमेठी के पिपरी गांव में घाघरा नदी की कटान से परेशान किसानों को राहत देने के लिए वहां बांध बनवाने की मंजूरी भी केंद्र सरकार से मिल गई है।
इस संबंध में जल्द यूपी के मुख्यमंत्री से भी मिलकर बात करूंगी। कहा कि, अमेठी के पांच विधान सभाओं में एक-एक एंबुलेंस देने की बात कही गई थी, लेकिन सात एंबुलेंस दी गई हैं।
इस मौके पर राकेश त्रिपाठी, भवानी दत्त दीक्षित, गोविंद नारायण शुक्ल, दुर्गेश त्रिपाठी, रामकृष्ण भारती, पूर्व विधायक तेजभान सिंह आदि मौजूद रहे।
इन्हौंना निवासी शिवकुमार की पत्नी सुनीता का गुर्दा खराब है। शिवकुमार ने केंद्रीय मानव विकास संसाधन मंत्री स्मृति ईरानी से मुलाकात करके समस्या बताई। इस पर उन्होंने सुनीता का इलाज में कराने का भरोसा दिया।