रायबरेली। मर्डर में उम्रकैद की सजा काट चुके एक किसान की गुरुवार रात रस्सी से गला कसकर हत्या कर दी गई। नलकूप पर हुई घटना के बाद हत्यारों ने शव पुआल के ढेर में फेंक दिया। किसान के हाथ, पैर भी रस्सी से बंधे थे। घटना की सूचना पर पहुंची प्रतापगढ़ जिले के नवाबगंज और रायबरेली जिले के ऊंचाहार थानों की पुलिस काफी देर तक सीमा विवाद में उलझी रही। हत्या की वजह पुरानी रंजिश बताई गई है। मृतक के बेटे ने रंजिश में एक नामजद व अन्य अज्ञात के खिलाफ ऊंचाहार थाने में रिपोर्ट दर्ज कराई है।
ऊंचाहार थानान्तर्गत पचखरा गांव निवासी भगौती प्रसाद (70) अपनी ससुराल पूरे तुला मजरे कोटरा बहादुरगंज में रहता था। यह गांव रायबरेली-प्रतापगढ़ जिले की सीमा पर स्थित है। घर से कुछ दूरी पर उसका नलकूप है। गुरुवार रात वह नलकूप पर सोया था। उससे 500 मीटर दूरी पर पुआल में शुक्रवार की सुबह उसका शव मिलने से हड़कंप मच गया। उसके गले में रस्सी कसी थी। हाथ-पैर रस्सी से बांधे थे। इससे माना जा रहा है कि भगौती की गला दबाकर हत्या की गई है।
घटना की सूचना पर ऊंचाहार और प्रतापगढ़ के नवाबगंज थाने की पुलिस पहुंची। लेकिन छानबीन करने के बजाय दोनों थानों की पुलिस घटनास्थल को लेकर सीमा विवाद में उलझ गई। हालांकि बाद में घटनास्थल नवाबगंज क्षेत्र में पाया गया। इसके बाद पुलिस ने छानबीन शुरू की। भगौती के बेटे उमेश कुमार ने ऊंचाहार थाने में पिता की हत्या की तहरीर दी है। उसमें पचखरा निवासी पप्पू सिंह व अन्य अज्ञात को आरोपी बनाया गया है। मालूम हो कि पप्पू सिंह के पिता की हत्या में भगौती को सजा हुई थी। एसओ ऊंचाहार रविंद्र मिश्र का कहना है कि रिपोर्ट दर्ज कर घटना की छानबीन की जा रही है।