हरचंदपुर (रायबरेली)। ब्लॉक क्षेत्र में शुक्रवार रात प्यारेपुर माइनर की पटरी दो गांवों के पास कट गई। इससे करीब 50 बीघा गेहूं की फसल जलमग्न हो गई, जबकि तीन घरों में पानी घुस गया। इससे ग्रामीणों के घरों का सामान बर्बाद हो गई। किसानों में आक्रोश इस बात से है कि सूचना के बाद भी सिंचाई विभाग के अधिकारी-कर्मचारी मौके पर नहीं पहुंचे। किसानों को खुद ही कड़ी मशक्कत करके दोनों स्थानों पर पटरी को बंद करना पड़ा।
क्षेत्र के पैड़ेपुर और जोहवाशर्की गांव के पास अलग-अलग दो स्थानों पर बीती रात प्यारेपुर माइनर की पटरी कट गई। माइनर का पानी खेतों में भर गया। जब तक लोगों को इसकी जानकारी होती आसपास की 50 बीघे गेहूं की फसल जलमग्न हो गई। ग्रामीण सुबह जब खेतों की तरफ गए तो उनमें पानी भरा देख उनके होश उड़ गए। पैड़ेपुर गांव में तो पानी शिवकुमार, राजेश और रामराज के घरों तक पहुंच गया। तीनों घरों में रखा अनाज, कपड़े समेत करीब 30 हजार रुपये का सामान बर्बाद हो गया। ग्रामीणों ने इसकी सूचना सिंचाई विभाग के अधिकारियों को दी। काफी देर बाद भी जब कोई अधिकारी या कर्मचारी मौके पर नहीं पहुंचा तो लोग खुद माइनर की कटी खांदी को बंद करने में जुट गए। घंटों की मशक्कत के बाद किसानों ने घासफूस और बोरियों में मिट्टी भरकर कटी पटरी को बांध दिया।