बिहार से लाकर यहां बेचते थे असलहे
रायबरेली। शहर कोतवाली क्षेत्र में मंगलवार देर रात हुई मुठभेड़ में पुलिस ने असलहों की तस्करी के एक बड़े नेटवर्क का खुलासा करने का दावा किया है।
मुठभेड़ में पुलिस ने दो असलहा तस्करों को गिरफ्तार किया है। पुलिस की मानें तो तस्कर बिहार से असलहा लाकर जिले में सप्लाई करते थे। रायबरेली ही नहीं, बल्कि यूपी के कई जिलों में इनका नेटवर्क फैला हुआ है।
पुलिस ने इस मामले में घायल तस्कर और उसके एक साथी को गिरफ्तार कर जेल भेज दिया है। पकडे़ गए तस्करों की निशानदेही पर पुलिस ने नौ पिस्टल, 18 मैंगजीन, चार मोबाइल और 760 रुपये भी बरामद किए हैं।
पूछताछ के आधार पर पुलिस बदमाशों से हथियार खरीदने वाले लोगों को भी चिह्नित कर रही है। इसमें कुछ सफेदपोश लोग भी शामिल हो सकते हैं। हालांकि पुलिस ने अभी तक किसी के नाम व पते का खुलासा नहीं किया है।
पुलिस अधीक्षक शिवहरि मीणा ने बुधवार को बताया कि मंगलवार देर रात शहर के नजरवा ताल (महानंदपुर) के पास हुई मुठभेड़ में बस्ती जिले के पशुरामपुर थाना क्षेत्र के परशुरामपुर निवासी बदमाश लाल साहब पांडेय को गोली लग गई थी।
वहीं बदमाशाें की तरफ से हुई फायरिंग में स्वॉट टीम में तैनात सिपाही रुपेंद्र कुमार शर्मा भी गोली लगने से घायल हो गया था। इस दौरान कई बदमाश मौके से भाग निकले थे।
दोनों को जिला अस्पताल में भर्ती कराने के साथ ही पुलिस ने तलाशी अभियान चलाया था। मुठभेड़ के कुछ देर बाद पुलिस ने दूसरे बदमाश बिहार के खगरिया जिले के पसराहा थाना क्षेत्र के कोयला निवासी लल्लन कुमार यादव को भी गिरफ्तार कर लिया था।
उन्होंने बताया कि पकड़े गए बदमाश लल्लन कुमार यादव ने पूछताछ में कुबूला है कि वे लोग पिछले कई साल से असलहों की तस्करी कर रहे थे।
बिहार से असलहे लाकर डिमांड के आधार रायबरेली के अलावा यूपी के अन्य जिलों में सप्लाई करते थे। असलहों की सप्लाई करने रायबरेली आए थे, तभी मुठभेड़ में दबोचे गए।