लाठी-डंडे से पीटकर किसान को मार डाला
रायबरेली। डीह थाना क्षेत्र के मऊ गांव में एक किसान को लाठी-डंडे से पीटकर मार डाला। इससे ग्रामीण आक्रोशित हो गए। उन्होंने ने न सिर्फ हंगामा किया, बल्कि मौके पर पहुंची पुलिस को शव उठाने से रोक दिया। गांव में तनाव के मद्देनजर और पुलिस बल बुला लिया गया। एसओ के समझाने पर ग्रामीण शांत हुए। खाकी की मौजूदगी में शव का अंतिम संस्कार किया गया।
मऊ गांव निवासी लालजी किसानी करता था। गांव के ही शिवलाल, अमीन, समरजीत और फूलचंद्र से सप्ताह भर रुपये के लेनदेन का विवाद हो गया था। इस पर चारों ने लाठी-डंडे से पीट-पीटकर लालजी को गंभीर रूप से घायल कर दिया गया था। जिला अस्पताल में उसकी हालत चिंताजनक देख चिकित्सकों ने लालजी को लखनऊ ट्रॉमा सेंटर रेफर कर दिया था। पुलिस ने रिपोर्ट लिखकर शिवलाल, समरजीत व फूलचंद्र को गिरफ्तार कर लिया था, जबकि अमीन को अब तक गिरफ्तार नहीं कर पाई है। वहीं बुधवार देर शाम लखनऊ ट्रॉमा सेंटर में लालजी ने दम तोड़ दिया। लखनऊ में ही शव का पोस्टमार्टम कराया गया।
गुरुवार सुबह शव यहां पर पहुंचा तो ग्रामीण आक्रोशित हो गए। सभी प्रदर्शन फरार चल रहे आरोपी अमीन की गिरफ्तारी की मांग करने लगे। सूचना पर पुलिस कर्मी मौके पर पहुंचे, लेकिन ग्रामीणों का गुस्सा शांत नहीं हुआ। ग्रामीणों ने पुलिस को शव उठाने से रोक दिया। एसओ शिवशंकर गुप्ता ने पहुंचकर मामले को शांत कराया। इसके बाद पुलिस की मौजूदगी में गांव में ही शव का अंतिम संस्कार किया गया। घटना को लेकर गांव में तैनात है। इसलिए दो पुलिस कर्मी तैनात कर दिए गए हैं। एसओ का कहना है कि आरोपियों के खिलाफ अब हत्या का मुकदमा तरमीम किया जाएगा। फरार चल रहे आरोपी अमीन की गिरफ्तारी के लिए प्रयास किया जा रहा है। वहीं लालजी की मौत से परिवारीजनों के आंसू नहीं थम रहे हैं। बेटे अरुन, करन, शक्ति और बेटी खुशबू कहती हैं कि पिता ही घर में कमाने वाले थे। अरुण, करन का कहना है कि एक आरोपी फरार है, जिसकी जल्द गिरफ्तारी की जाए, वरना इसकी शिकायत एसपी से की जाएगी।