19,429 ग्राम पंचायत सदस्य पदों के लिए हुए चुनाव में करीब 20 प्रतिशत प्रत्याशियों की जमानत जब्त हुई है। ग्राम पंचायत में पडे़ कुल मतों का 20 प्रतिशत से अधिक वोट पाने वाले प्रत्याशियों की जमानत बच जाती है।
ग्राम प्रधान पद के लिए अनारक्षित सीटों के लिए 2000 और आरक्षित सीटों के लिए 1500 रुपये जमानत राशि नामांकन के दौरान जमा कराई गई थी।
जिले में ग्राम प्रधान पद के लिए 7057 प्रत्याशी मैदान में उतरे थे। वोटरों ने ज्यादा से ज्यादा प्रत्याशियों की जमानत तक जब्त कराकर हराया।
कुछ ग्राम पंचायतों में तो जीतने वाले प्रत्याशी के अलावा सभी की जमानत राशि जब्त हो गई। बेलाभेला से गीता देवी, सेमरपहा से शीला सिंह, ऊंचाहार देहात से सुशीला यादव, इचौली से बीरेंद्र यादव, डीह से कल्लू पासी, धूरेमऊ से नीलम सिंह, ऐहार से राजलक्ष्मी, चिचौली से आशा सिंह, जगतपुर से तारादेवी, कोंसा से विनीता सिंह, मऊ से नीलम सिंह, बेहीखोर से शिवदेवी, बेवली से देवकली, फरीदपुर से धर्मेंद्र पाल सिंह ने रिकॉर्ड मतों से जीत दर्ज कराकर रनर समेत सभी प्रत्याशियों की जमानत जब्त करा दी।
इसके अलावा अन्य ग्राम पंचायतों में भी जीतने व रनर प्रत्याशियों के अलावा अन्य प्रत्याशी जमानत नहीं बचा सके। ग्राम पंचायत सदस्य पदों के लिए भी 20 प्रतिशत प्रत्याशियों की जमानत जब्त हो गई है।