मधुमेह से बचाने का लिया संकल्प
रायबरेली। विश्व डायबिटीज डे के मौके पर मंगलवार को लोगों को जागरूक करने के लिए जिला अस्पताल से जागरूकता रैली निकाली गई। जो शहर के कई मोहल्लों में गई और लोगों को मधुमेह से बचने के लिए जागरूक किया। इस मौके पर जिले के सरकारी अस्पतालों में कैंप लगाकर एनसीड क्लीनिकों में डायबिटीज की जांच की गई। जिला अस्पताल में हुई गोष्ठी में सभी ने लोगों को डायबिटीज से बचाने के लिए संकल्प लिया।
जिला अस्पताल में मंगलवार को सीडीओ देवेंद्र पांडेय ने जागरूकता रैली को रवाना किया। सीडीओ ने कहा कि लोग अपने खान-पान और रहन-सहन में बदलाव करके डायबिटीज से बच कसते हैं। सभी को रोजाना व्यायाम जरूर करना चाहिए। रैली में फिरोज गांधी डिग्री कॉलेज, राजकीय इंटर कॉलेज के विद्यार्थी शामिल हए। जिला अस्पताल से निकालकर रैली सुपर मार्केट, घंटाघर, दीवानी कचहरी, जीआईसी आदि स्थानों से होकर जिला अस्पताल में समाप्त हुई। रैली में सिमहैंस हॉस्पिटल, एनआईटी व एनसीसी कैडेट्स ने बढ़ चढ़कर हिस्सा लिया। इस दौरान हरिओम, विमल, विनय बाजपेयी, प्रिया गुप्ता, शुभम आदि मौजूद रहे।
रैली के बाद जिला अस्पताल में गोष्ठी हुई जिसमें सीएमओ डॉ. डीके सिंह ने कहा कि खानपान और रहन-सहन में बदलाव लाकर मधुमेह से बचा जा सकता है। कहा कि ध्यान न देने के कारण लोग इसकी चपेट में आ जाते हैं। इससे बचने के लिए जानकारी होना जरूरी है। गोष्ठी में एसीएमओ डॉ. एसके चक, डॉ. एम नारायण, डॉ. नागेंद्र कुमार, डॉ. खालिद रिजवान, जिला स्वास्थ्य शिक्षा अधिकारी डीएस अस्थाना, अंजली सिंह डॉ. राकेश पांडेय, अचला श्रीवास्तव आदि मौजूद रहे।
103 लोगों की हुई जांच
अमावां सीएचसी में मंगलवार की विश्व मधुमेह दिवस पर शुगर की जांच के लिए कैंप लगाया गया। अधीक्षक दिलीप सिंह ने बताया कि शुगर लेबल बढ़ने पर कम खाना और समय पर खाएं। उपवास से दूर रहे। कैंप में 103 मरीजों का परीक्षण किया गया। इस मौके पर डॉ. गोपाल, डॉ. अभिजीत राठौर, विनीत कुमार, कंचन पांडेय, राजेंद्र तिवारी, प्रतिभा पटेल, सोनिया श्रीवास्तव, रईस खां जीवन लाल मौजूद रहे।