सराफ से घूस मांगने पर दरोगा समेत तीन पुलिस कर्मी सस्पेंड
रायबरेली। सराफ से घूस मांगने के एक मामले में दरोगा महेश कुमार समेत तीन पुलिस कर्मियों को सस्पेंड कर दिया गया है। आरोप है कि तीनों पुलिस कर्मी बिना सूचना के सोमवार रात व्यापारी के घर में छापा मारने पहुंचे थे।
शिकायत मिलने पर एसपी ने सीओ लालगंज से इसकी जांच कराई थी। जांच रिपोर्ट के आधार पर यह कार्रवाई की गई है। वहीं निलंबित पुलिस कर्मियों का कहना है कि व्यवसायी नकली जेवरात बना रहा था।
मामला पकड़ में आने के बाद उस पर झूठा आरोप लगाया गया है। आरोप लगाया कि उनको थानेदार ने छापेमारी करने पर एक घंटे तक थाने के लॉकअप में बंद कर दिया गया था।
आगरा का रहने वाला विशू सोनी यहां सेमरी रोड पर किराए के मकान में रहकर सोने-चांदी के जेवरात बनाता है। सोमवार रात में थाने में तैनात उप निरीक्षक महेश कुमार, मुख्य आरक्षी रामखेलावन, आरक्षी उदयभान विशू सोने के यहां छापा मारा।
विशू का आरोप है कि पुलिस कर्मियों ने धमकी दी कि जीएसटी जमा नहीं कर रहे हो। नकली जेवरात बना रहे हो। इसलिए एक लाख रुपये दो।
जानकारी मिलते ही एसओ शैलेंद्र सिंह मौके पर पहुंच गए। उन्होेंने इसकी सूचना एसपी सुजाता सिंह को दे दी। एसपी ने सीओ लालगंज आरपी शाही से मामले की जांच कराई।
मंगलवार को एसओ व पुलिस कर्मियों को दफ्तर बुलाकर सभी के बयान दर्ज किए। सीओ की जांच रिपोर्ट के आधार पर एसपी ने तीनों पुलिस कर्मियों को सस्पेंड कर दिया।
एसपी सुजाता सिंह का कहना है कि व्यापारी से घूस मांगने पर तीनों को सस्पेंड किया गया है। थानेदार की ओर से उन्हें हवालात में बंद नहीं किया गया था।
पूरे प्रकरण की जांच कराई जा रही है। यदि थानेदार की लापरवाही मिली तो उनके खिलाफ भी कार्रवाई होगी। एसओ शैलेंद्र सिंह का कहना है कि तीनों पुलिस कर्मी व्यापारी से घूस मांग रहे थे।
व्यापारी की शिकायत मिलने पर इस मामले से एसपी को अवगत कराया गया था। पुलिस कर्मियों को लॉकअप में बंद करने की बात गलत है।