रायबरेली। एनटीपीसी ऊंचाहार की हादसे वाली छठवीं यूनिट में मंगलवार को मरम्मत के दौरान गैस सिलेंडर फटने से आग लग गई। लपटें और धुआं उठने से एनटीपीसी के अधिकारियों और कर्मचारियों में हड़कंप मच गया।
साथ ही यूनिट में काम कर रहे श्रमिकों में भगदड़ मच गई। सूचना पर पहुंचे दमकल जवानों ने किसी तरह आग बुझाई। आग से कई मीटर केबल जल गए।
एनटीपीसी के अधिकारियों ने मौके पर पहुंचकर घटना की जांच की। उनका दावा है कि मरम्मत के दौरान स्पार्किंग हुई थी, जिसे तुरंत बुझा दिया गया।
कोई नुकसान नहीं हुआ। खास बात ये है कि इसी साल के सितंबर में इसी यूनिट में आग लगी थी, जिसमें दस लाख रुपये का नुकसान हुआ था।
गौरतलब है कि एक नवंबर 2017 को एनटीपीसी ऊंचाहार की 500 मेगावाट बिजली उत्पादन करने वाली यूनिट नंबर छह के बॉयलर में विस्फोट हो गया था।
हादसे में परियोजना के तीन अधिकारियों समेत 45 की मौत हो गई थी। हादसे के बाद से ही यूनिट की मरम्मत का काम चल रहा है।
यूनिट के स्टेज-4 एरिया में मंगलवार सुबह वेल्डिंग के लिए लगाए गए गैस कटिंग टार्च से पाइप में आग लगने के बाद सिलेंडर में विस्फोट हो गया।
तेज धमाके के बाद आग लग गई। देखते ही देखते लपटें बेकाबू होने लगीं और धुआं उठने लगा। इससे वहां काम कर रहे श्रमिकों में भगदड़ मच गई।
यूनिट में धमाके की सूचना से परियोजना अधिकारियों में हड़कंप मच गया। खबर पाकर दमकल कर्मचारी मौके पर पहुंचे और किसी तरह आग पर काबू पाया।
आग लगने से यूनिट की कई मीटर केबल जल गए। हालांकि घटना में किसी के हताहत होने की सूचना नहीं है। सीओ डलमऊ विनीत सिंह ने बताया कि सिलेंडर फटा था, जिसे दमकल के जवानों ने पहुंचकर बुझा दिया। घटना से ज्यादा कोई नुकसान नहीं हुआ। आग से कई मीटर केबल जले हैं।
आग लगने जैसी कोई बात नहीं है। वेल्डिंग के दौरान स्पार्किंग हुई थी, जिसे तुरंत बुझा लिया गया। कोई नुकसान नहीं हुआ है। यूनिट की मरम्मत का काम कराया जा रहा है।
सी. कुमार, जीएम (मानव संसाधन), एनटीपीसी परियोजना