फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
विज्ञापन

दिल्ली के तिल के तेल व लखनऊ की धमाल कचरी का नमूना फेल

विज्ञापन
विज्ञापन
दिल्ली के तिल के तेल व लखनऊ की कचरी का नमूना जांच में फेल
विज्ञापन

रायबरेली। एफएसडीए की टीमों की ओर से जिले की दुकानों में भरे गए खाद्य पदार्थों के चार नमूने फेल पाए गए हैं। दिल्ली में बने जेके मंगला ब्रांड तिल के तेल और लखनऊ में निर्मित धमाल कचरी प्रयोगशाला में पास नहीं हो सकी।

इसके अलावा कानपुर में निर्मित स्वाद ब्रांड सेवई और मूंगफली का नमूना भी जांच में फेल घोषित किया गया है। प्रयोगशाला से नमूनों की जांच रिपोर्ट आने के बाद एफएसडीए ने एडीएम कोर्ट में मुकदमे की प्रक्रिया शुरू कर दी है।
विज्ञापन


इसके लिए खाद्य पदार्थों के निर्माताओं समेत आठ लोगों को नोटिस देकर 15 दिन में जवाब मांगा गया है। ये सभी नमूने अक्तूबर 2018 में भरे गए थे।

एफएसडीए की टीम ने किसनपुर अहियारायपुर में आशाराम मौर्या की दुकान से 17 अक्तूबर को जेके मंगला ब्रांड तिल के तेल का नमूना भरा था। लेबलिंग और पैकिंग में कमियां मिलने पर प्रयोगशाला में नमूने को फेल कर दिया गया है।

तेल के निर्माता केशोराम, मंगला ऑयल इंडस्ट्रीज 556 बी-6 नेगली सरस्वती नगर नजफगढ़ दिल्ली व दुकानदार आशाराम को नोटिस दिया गया है।

धमाल ब्रांड कचरी का नमूना फेल पाए जाने पर निर्माता सत्यम फूड्स ऐशबाग लखनऊ, सलोन की फर्म रेन ट्रेडर्स के संचालक नबी मोहम्मद व मालिक कयूम खान को नोटिस जारी किया गया है।

इसके अलावा स्वाद ब्रांड सेवई का नमूना फेल मिलने पर निर्माता कौशल्या फूड्स 371 सागपुर नौबस्ता कानपुर और दुकानदार अरुण कुमार को नोटिस दिया गया है।

भदोखर बाजार में कृष्ण कुमार गुप्ता की दुकान से मूंगफली का नमूना सील करके जांच के लिए भेजा गया था। यह नमूना भी फेल आने के बाद दुकानदार को नोटिस देकर 15 दिन में जवाब देने के आदेश दिए गए हैं।

एफएसडीए के अभिहित अधिकारी शशांक त्रिपाठी ने बताया कि दिल्ली के तिल के तेल व लखनऊ की धमाल कचरी सहित चार खाद्य पदार्थों के नमूने जांच में फेल पाए गए हैं।
विज्ञापन


नमूनों की जांच रिपोर्ट आने के बाद निर्माताओं और विक्रेताओं को नोटिस देकर 15 दिन में जवाब मांगा गया है। जल्द ही संबंधितों के खिलाफ जुर्माने के लिए एडीएम कोर्ट में मुकदमा किया जाएगा।
विज्ञापन
Next
AU ऐप में पढ़ें