रायबरेली। जिले के करीब चार करोड़ किसानों के लिए खुशखबरी है। प्रदेश सरकार ने आवारा पशुओं की सुरक्षा और खाने-पीने की व्यवस्था के लिए जिले को 10 करोड़ रुपये दिए हैं।
इन धनराशि से जिले के सभी 18 ब्लॉकों में गौशाला बनेंगी। यह काम जिला पंचायत की ओर से कराया जाएगा। खेतों को नुकसान करने वाले पशुओं को इन्हीं गौशाला में रखकर किसानों की परेशानी को कम करने का काम किया जाएगा।
आवारा पशुओं के कारण जिले के किसान परेशान हैं। धान के बाद अब गेहूं के सीजन में भी आवारा पशु किसानों को नुकसान पहुंचा रहे हैं।
प्रदेश सरकार ने किसानों की समस्याआें को गंभीरता से लिया है। आवारा पशुओं के लिए आश्रम गृह बनवाने के लिए 10 करोड़ रुपये देने की घोषणा की है।
जिला पंचायत के माध्यम से जिले के सभी ब्लॉकों में एक-एक गौशाला बनेगी। गौशाला में शेड के अलावा पशुओं के खाने-पीने के लिए समुचित व्यवस्था की जाएगी।
जिले को बजट मिलने के बाद जिला प्रशासन ने आवारा पशुओं की सुरक्षा और खाने-पीने के लिए व्यवस्था करने का काम शुरू कर दिया है।
जल्द ही ब्लॉकों में गौशाला बनाने का काम शुरू हो जाएगा। इसके लिए जमीन की व्यवस्था लगभग हो चुकी है। गौशाला के बनने के बाद जिले के किसानों को आवारा पशुओं से निजात मिल जाएगी और पशुओं की सुरक्षा भी बढ़ जाएगी।
मेरुई में 1.20 करोड़ से बनेगी बड़ी गौशाला
खीरों ब्लॉक के मेरुई गांव में जिला प्रशासन ने गौशाला बनवाने का काम इसी महीने शुरू कराएगा। सारी प्रक्रिया पूरी होने के बाद पैकफेड को इसी सप्ताह काम शुरू कराने के आदेश दिए गए हैं।
यह गौशाला जिले की सबसे बड़ी गौशाला होगी। इस गौशाला के लिए पहले से ही जिले को 1.20 करोड़ रुपये मिल चुके हैं। बुधवार को सीडीओ की अध्यक्षता में एक टीम भी प्रस्तावित स्थल पर जाकर व्यवस्था का जायजा लेगी। इस गौशाला में दो सौ से अधिक पशुओं को सुरक्षित रखने की व्यवस्था होगी।
जिले के सभी ब्लॉकों मेें एक-एक गौशाला बनेगी। जिले में धूम रहे आवारा पशुओं को इन्हीं गौशाला में सुरक्षित रखवाया जाएगा। साथ ही पशुओं के खाने-पीने की भी समुचित व्यवस्था यहां होगी। इसके लिए शासन ने 10 करोड़ रुपये देने की घोषणा की है।
संजय कुमार खत्री, जिलाधिकारी