आरडीए में 500 फाइलें लापता, बिल्डरों पर शक
रायबरेली। विकास प्राधिकरण में 500 से अधिक फाइलें लापता हैं। इस मामले में आरडीए के बाबुओं पर सांठगांठ के आरोप लग रहे हैं।
मुकदमों की फाइलें न मिलने से बिल्डरों पर कार्रवाई नहीं हो पा रही है। अब मामले को संज्ञान में लेते हुए अधिशासी अभियंता ने तय प्रारूप पर फाइलें उपलब्ध कराने के आदेश दिए हैं।
दिसंबर 2017 से पहले की सभी मुकदमों की पत्रावलियों को उन्होंने तीन माह के भीतर तलब किया है। इस आदेश के बाद संबंधित कर्मचारियों में हड़कंप मच गया है।
शहर में अवैध निर्माण के मामलों में भवनों के चालान के बाद बिल्डरों को नोटिस देकर मुकदमे किए जाते हैं। करीब 500 से अधिक फाइलों में नोटिस के बाद अब तक कोई कार्रवाई नहीं हो सकी है।
इसके अलावा मैप पास करने के मामले की फाइलों में भी काम नहीं हो पा रहा है। हालात यह हैं कि अवर अभियंताओं के तमाम प्रयासों के बाद भी पत्रावलियां नहीं मिल पा रही हैं। इससे आरडीए को करोड़ों का नुकसान हो रहा है।
मामला संज्ञान में आने के बाद अधिशासी अभियंता ने आदेश जारी करके दिसंबर 2017 से पहले के मुकदमों की सभी पत्रावलियों को तलब किया है। इसके लिए एक प्रोफार्मा तैयार किया गया।
इसी प्रोफार्मे के साथ कर्मचारियों को सभी पत्रावली तीन महीने के अंदर उपलब्ध कराने के आदेश दिए हैं। उन्होंने एक सप्ताह के अंदर 50 से अधिक फाइलों को उपलब्ध कराने का आदेश दिया है। अधिशासी अभियंता के गंभीर होने के बाद हड़कंप मच गया है।