उन्होंने कहा कि हर माता-पिता की जिम्मेदारी है कि वह अपने बच्चों को पोलियो की खुराक जरूर पिलाएं। इसमें किसी तरह की लापरवाही नहीं बरतनी चाहिए।
पहले दिन एक लाख 41 हजार 98 बच्चों को पोलियो की खुराक पिलाई गई।सीएमओ डॉ. राकेश यादव ने कहा कि शहर और देहात क्षेत्रों में बूथ लगाकर बच्चों को पोलियो की खुराक पिलाई गई।
इसके लिए 5,257 टीमें बनाई गई हैं। रविवार होने के कारण ज्यादातर बूथों पर दोपहर बाद सन्नाटा पसर गया। जिला अस्पताल के सीएमएस डॉ. एनके श्रीवास्तव ने कहा कि पोलियो की खुराक पिलाना बच्चों को बहुत जरूरी है।
इसमें किसी तरह की कंजूसी नहीं बरतनी चाहिए। एसीएमओ डॉ. एसके चक ने कहा कि पहले दिन एक लाख 41 हजार 98 बच्चों को बच्चों को पोलियो की खुराक पिलाई गई।
सोमवार से घर-घर जाकर बच्चों को पोलियो की खुराक पिलाई जाएगी। इसमें किसी तरह की ढिलाई नहीं बरती जाएगी। उन्होंने बताया कि तीन लाख 81 हजार 342 बच्चों को पोलियो पिलाने का लक्ष्य रखा गया है।
वहीं सीएमओ ऑफिस में देर शाम सीएमओ डॉ. राकेश यादव ने पल्स पोलियो प्रतिरक्षण कार्यक्रम की समीक्षा के लिए बैठक की। इसमें जिलेभर के सभी डॉक्टरों को बुलाया गया था। लेकिन छह डॉक्टरों ने बैठक में भाग नहीं लिया।
सीएमओ ने इन डॉक्टरों का एक दिन का वेतन काटने के निर्देश दिए हैं। एसीएमओ डॉ. एसके चक ने बताया कि डॉ. अमित सिंह, डॉ. योगेंद्र सिह, डॉ. कामिल परवेज, डॉ. प्रवीण पाल, डॉ. मुकेश, डॉ. इफ्तिखार अहमद का एक-एक दिन का वेतन काटने के निर्देश दिए गए हैं।