प्रतापगढ़। विश्व एड्स दिवस पर स्वास्थ्य विभाग व नेहरू युवा केन्द्र सहित कई निजी संस्थाओं की ओर से सोमवार को शहर में जागरूकता रैली निकाली गई। रैली में एनसीसी कैडेटों के साथ तमाम लोग शामिल रहे। युवाओं की सहभागिता से रैली पर लोगों ने चर्चा की। जगह-जगह हुई गोष्ठियों में एड्स के प्रति लोगों में जागरूकता लाने पर जोर दिया गया।
स्वास्थ्य विभाग की ओर से निकाली गई रैली में एनसीसी कैडेटों व आशा बहू समेत विभाग के कर्मचारी व अधिकारी शामिल रहे। एडिशनल सीएमओ डॉ. एम नारायण ने रैली को झंडी दिखा कर रवाना किया। शहर के मुख्य चौराहों पर एड्स से बचाव का नारा लगाते हुए रैली पुन: जिला अस्पताल पहुंच कर समाप्त हुई। जिला अस्पताल के सभा कक्ष में गोष्ठी के दौरान अधिकारियों ने जागरूकता पर जोर दिया। इसी तरह नेहरू युवा केन्द्र के जिला समन्वयक समरबहादुर की अगुवाई में युवक व युवतियों ने रैली निकाल कर लोगों को जागरूक किया।
गोष्ठी में अध्यक्षता कर रहे अनिल कुमार ने कहा कि जागरूकता ही एड्स से बचाव का बेहतर माध्यम है। साहित्यकार प्रमोद प्रियदर्शी, कुमुद त्रिपाठी, ज्योति शुक्ला, रेखा, किरन यादव, अनीता गौतम आदि ने भी विचार रखा। अपर मुख्य चिकित्सा अधिकारी डॉ. राजीव सिंह की अगुवाई में कर्मचारियों ने रैली निकाल कर एड्स के प्रति लोगों में जागरूकता लाने का प्रयास किया। कार्यालय में हुई गोष्ठी में एड्स की रोकथाम पर गहन चर्चा हुई। अपर सिविल जज जूनियर डिवीजन मुकेश कुमार ने भी गोष्ठी में विचार रखे। यहां जिला क्षय रोग अधिकारी डॉ. एके तिवारी, डॉ. वंदना जायसवाल, डॉ. राकेश त्रिपाठी ने भी जागरूकता पर जोर दिया। गोष्ठी में रामेन्द्र तिवारी सहित अन्य तमाम कर्मचारी रहे। इसी तरह साकेत गर्ल्स पीजी कॉलेज की छात्राओं ने मानव श्रृंखला बनाई। कॉलेज में हुई गोष्ठी में प्राचार्या डॉ. नीलिमा श्रीवास्तव ने एड्स को लाइलाज बीमारी बताया। कार्यक्रम में डॉ. अवधेश शर्मा, कुसुम शुक्ला, मीना सिंह, छाया सिंह, रवीन्द्र त्रिपाठी, आशीष मिश्र, डॉ. अनीता पांडेय, डॉ. सरिता सिंह, अंजू मिश्र, बलराम, प्रतिभा मिश्र, प्रभा, बिन्दु मिश्रा आदि रहीं। केयरिंग आफ पीपुल एण्ड एडवांसिंग लाइफ सोसाइटी की ओर से भी जागरूकता रैली निकाली गई। संस्था के सचिव अनिल पांडेय ने रैली की अगुवाई की। पीएनपी संस्था ने भी रैली निकाल कर एड्स के प्रति लोगों को जागरूक किया। संस्था अध्यक्ष विनोद यादव ने गोष्ठी में कहा कि एड्स छुआछूत की बीमारी नहीं है।