बेटियों की हत्या का आरोप लगाते हुए कार्रवाई की मांग को लेकर पिता का तीसरे दिन भी अनशन जारी रहा। पुलिसकर्मी रविवार को उसका बयान लेने पहुंचे। उसने सवाल उठाया कि स्कूल की प्रिंसिपल आखिर चार दिनों से उसकी बेटी शिवांगी को किस वजह से बुला रही थी। सहेली को भी घटना का राज मालूम है।
नगर कोतवाली के चकबनतोड़ निवासी सुभाष राव अपनी बेटी शिवांगी और अंजलि की मौत को हत्या ठहरा रहा है। उसका आरोप है कि कुछ लोगों ने साजिश करते हुए दोनों की हत्या कर शव नदी में फेंक दिया। आरोपियों के खिलाफ कार्रवाई की मांग को लेकर सुभाष घर पर तीन दिन से अनशन पर बैठा है। उसका आरोप है कि अष्टभुजानगर स्थित जिस स्कूल में उसकी बेटी अंजलि पढ़ती थी, उसकी प्रिंसिपल उसकी बड़ी बेटी शिवांगी को चार दिनों से कालेज बुला रही थी। इसकी क्या वजह थी।
प्रिंसिपल के साथ ही अंजलि की एक सहेली को घटना का राज मालूम है। रविवार को भी सुभाष का अनशन जारी रहा। सीओ सिटी अभय पांडेय ने कार्यालय से पुलिसकर्मियों को परिजनों का बयान लेने के लिए भेजा। घटना की विवेचना सीओ सिटी कर रहे हैं। सुभाष बार-बार स्कूल की प्रिंसिपल और अंजलि की सहेली का नाम ले रहा था। वह बेटियों की हत्या का आरोप लगातार लगा रहा है। मोबाइल दुकानदार सुरेश का भी कुछ पता नहीं है। पुलिस की पकड़ से छूटने के बाद वह गायब चल रहा है।
प्रिंसिपल और सहेलियों से हो सकती है पूछताछ
सुभाष के आरोपों को देखते हुए पुलिस फिर से कालेज की प्रिंसिपल और अंजलि की सहेलियों से पूछताछ कर सकती है। सूत्रों के अनुसार पुलिस अनशन पर बैठे सुभाष के साथ ही अब परिवार के लोगों का बयान वीडियोग्राफी के बीच करने लगी है, ताकि जरूरत पड़े तो उन पर भी शिकंजा कसा जा सके।