गुरुवार को पूरे दिन मौसम खराब रहा। आसमान में बादल होने के कारण ठंड से लोगों को राहत रही। सुबह नौ बजे से शाम सात बजे तक बगैर रुके बारिश होती रही। नए साल के पहले दिन हुई बारिश से लोग काफी परेशान रहे। शहर में चारों तरफ कीचड़ ही कीचड़ रहा। राहगीरों को भीगते हुए गंतव्य तक जाना पड़ा। सुबह की अपेक्षा दोपहर में नमी अधिक रही। हालांकि तापमान में काफी उछाल रहा। बरसात को देखते हुए ज्यादातर लोग घरों में दुबके रहे। बहुत जरूरी काम होने पर ही सड़क पर निकले।
बुधवार को मौसम साफ था, मगर गलन ज्यादा थी। रात के वक्त बादलों ने दस्तक दी। बदलों ने वर्ष 2015 का दिल खोलकर स्वागत किया। सुबह नौ से शाम सात बजे तक बगैर रुके बारिश होती रही। लगातार बरसात देख ज्यादातर लोग घरों में छिपे रहे। वही लोग घर से बाहर निकले जिन्हें बहुत जरूरी काम था। दूरदराज से आने वाले यात्रियों को भी भीगते हुए गंतव्य तक जाना पड़ा। बारिश के पानी से शहर की सड़कें कीचड़ से पट गईं। ऐसे में आवागमन और भी दुरूह रहा। खबर लिखे जाने तक जिले में 10 मिमी से अधिक बारिश हो चुकी थी। मौसमविद देशराज मीना के मुताबिक न्यूनतम तापमान 12.5 डिग्री सेल्सियस रहा जबकि धिकतम तापमान 17.4 डिग्री सेल्सियस रिकार्ड किया गया है। सुबह 91 प्रतिशत नमी रही और दोपहर में नमी बढ़ कर 100 प्रतिशत पहुंच गई। सारा दिन पश्चिमी व दक्षिणी हवा चलती रही। शाम छह बजे के बाद पछुआ चलने लगी। मौसम वैज्ञानिकों ने शुक्रवार को गलन बढ़ने का अनुमान लगाया है।