जिले में अभी भी कई गांव ऐसे हैं, जो मूलभूत सुविधाओं से वंचित हैं। अब वित्तीय वर्ष 2023-24 में ग्राम पंचायतों द्वारा जो भी काम किए जाएंगे, उसके लिए एक थीम का निर्धारण करना होगा। निर्धारित की गई थीम पर 50 फीसदी पंचायत निधि की धनराशि खर्च की जाएगी। इसके अलावा अन्य किसी मद में पंचायत निधि की धनराशि का भुगतान नहीं होगा। पंचायत विभाग के पोर्टल पर थीम के तहत दिखने वाले कार्य ही ग्राम पंचायतें संपादित करेंगी। इस नई पहल में जनपद स्तरीय विभाग का भी सहयोग मिलेगा। वह अपनी कार्य योजनाएं पंचायती राज विभाग को भेजेंगे।
शासन ने नौ थीम निर्धारित की है। इसके अनुसार ही ग्राम पंचायतों द्वारा पंचायत निधि की धनराशि खर्च की जाएगी। पेयजल व स्वच्छता की थीम पर पूर्व से ही केंद्र सरकार के द्वारा सहायता राशि दी जाती है। इस कारण से इन दो थीमों का ग्राम पंचायतें चयन नहीं करेंगी। - रविशंकर द्घिवेदी, जिला पंचायत राज अधिकारी।