प्रतापगढ़। शनिवार को जनपद कोहरे की चादर में पूरी तरह से लिपटा रहा। कोहरे से वाराणसी-लखनऊ पैसेंजर ट्रेन जहां अनिश्चितकाल रही, वहीं कई ट्रेनें विलंब से पहुंचीं। इससे यात्रियों को भारी समस्या का सामना करना पड़ा। ट्रेनों में सवार होने के लिए यात्री धक्का मुक्की करते नजर आए।
घने कोहरे का असर शनिवार को भी देखने को मिला। 54255 वाराणसी लखनऊ पैसेंजर ट्रेन अनिश्चित रही। इसके अलावा हरिद्वार एक्सप्रेस सात घंटे विलंब से पहुंचीं। इसके अलावा पंजाब मेल एक घंटा, सरजू एक्सप्रेस दो घंटे, अर्चना एक्सप्रेस दो घंटे विलंब से पहुंचीं। जनता एक्सप्रेस समेत कई ट्रेनें आधे घंटे से लेकर एक घंटे विलंब से चलती रहीं।
कोहरे की जकड़न में फंसी ट्रेनें स्टेशन पहुंचीं तो उसमें सवार होने के लिए यात्रियों को धक्कामुक्की करनी पड़ी। ट्रेनों के विलंब से पहुंचने के कारण समय से पहुंचे यात्रियों को बैठने के लिए स्थान नहीं मिल रहा था। ऐसे में यात्री प्लेटफार्म पर ही चटाई आदि बिछाकर बैठ गए। यही हाल बसों व निजी वाहनों से यात्रा करने वाले लोगों का भी हुआ। जो वाहन दो घंटे के भीतर इलाहाबाद पहुंचा देते थे। ऐसे वाहन तीन से चार घंटे के भीतर वहां पहुंच रहे थे। कोहरे के कारण ट्रेन से लेकर वाहनों की रफ्तार थमी रही।
छह दिसंबर को आला अधिकारियों के आदेश पर एलर्ट जीआरपी और आरपीएफ ने सघन चेकिंग अभियान चलाया। एसओ भूपेंद्र सिंह ने पुलिसकर्मियों के साथ यात्रियों का बैग चेक करने के साथ ही ट्रेनों की भी जांच करते रहे। हालांकि इस दौरान कोई संदिग्ध नहीं मिला।