वाराणसी के बदमाश सतीश यादव उर्फ बच्चा (35) की रविवार को जेल में दिल का दौरा पड़ने से मौत हो गई। उसकी तबीयत बिगड़ने पर एक दिन पहले भी मेडिकल कॉलेज में भर्ती कराया गया था।
वाराणसी जनपद के चोलापुर थाना क्षेत्र के लश्करपुर निवासी सतीश यादव उर्फ बच्चा की शनिवार को अचानक तबीयत बिगड़ गई। उसे उपचार के लिए मेडिकल कॉलेज लाकर भर्ती कराया गया। हालत में सुधार होने पर रात में उसे फिर जेल भेज दिया गया। डिप्टी जेलर आफताब अंसारी ने बताया कि रविवार की सुबह अचानक सतीश की तबीयत खराब हुई। उसे जेल अस्पताल ले जाया गया। उपचार के दौरान उसकी मौत हो गई। हालांकि जेल प्रशासन सतीश को मेडिकल कॉलेज लाया। यहां चिकित्सकों ने उसे मृत घोषित कर दिया। उसकी मौत कार्डियक अरेस्ट से होना बताया। वह 2007 से जेल में निरुद्ध था। उसके ऊपर अपहरण, हत्या, लूट समेत कई संगीन आपराधिक मुकदमे दर्ज हैं। हालांकि मौजूदा समय में उसके ऊपर केवल अपहरण कर हत्या का ही एक मुकदमा विचाराधीन था। उसकी दबंगई को देखते हुए जेल प्रशासन प्रशासनिक आधार पर उसकी जेल बदलता रहा। उसे आजमगढ़, जौनपुर, नैंनी सेंट्रल जेल में रखा गया। चार सितंबर 2022 को सेंट्रल जेल नैनी से प्रतापगढ़ जिला जेल भेजा गया था। जानकारी के बाद परिवार और रिश्तेदारों संग भाई राज बहादुर अस्पताल पहुंचे। पंचायतनामा भरने के बाद वीडियोग्राफी के बीच शव का चिकित्सकों के पैनल से पोस्टमार्टम कराया गया। जेल अधीक्षक ऋषभ द्विवेदी ने बताया कि चिकित्सकों ने बंदी सतीश की मौत कार्डियक अरेस्ट होने की बात बताई है।
पिता ने कर दिया था बेदखल
किशोर अवस्था से ही सतीश आपराधिक गतिविधियों में लिप्त था। जिसके चलते पिता ने इसे अपनी संपत्ति से बेदखल कर दिया था। भाई राज बहादुर और परिवार के बबलू यादव ने बताया कि जेल से पहले फोन गया कि सतीश की तबीयत खराब है। उसे अस्पताल में भर्ती कराया गया है। कुछ देर बाद उसके मौत की जानकारी जेल प्रशासन द्वारा दी गई।