रानीगंज थाना क्षेत्र के इमलीडांड के सिनहुआ से गुजरे नाले में नहाने के लिए चेकडैम से कूदा ट्रक चालक अरबाज गहरे पानी में समा गया। काफी प्रयास के बाद भी साथी उसे बचा नहीं सके। खबर भेजे जाने तक गांव के युवा व गोताखोर उसे खोजने में नाकाम रहे।
रानीगंज थाना क्षेत्र के जरियारी निवासी 28 वर्षीय अरबाज शनिवार की सुबह गांव के ही शमशाद व सेबू, प्रदीप सरोज, मुलायम यादव व एजाज के साथ मछली पकड़ने के लिए घर से निकला। मछली पकड़ने के दौरान अरबाज उफनाए नाले में नहाने के लिए चेकडैम से कूदा, लेकिन वह गहरे पानी में समा गया। यह देख उसे बचाने के लिए साथी शमशाद व सेबू नाले में कूदे। खोजबीन के दौरान अरबाज दोनों के हाथ लगा भी लेकिन पानी के बहाव में वह फिसल गया। जानकारी मिलने पर रोते बिलखते परिजन संग ग्रामीण भागकर पहुंचे। कुछ देर में जामताली चौकी प्रभारी हरिमोहन राजपूत फायरब्रिगेड की टीम लेकर मौके पर पहुंचे। गांव के युवक टोली बनाकर अरबाज की तलाश करते रहे लेकिन देर शाम तक उसका पता नहीं चल सका। करीब एक किमी तक ग्रामीण गोताखोर रस्सा बांधकर उसकी तलाश करते रहे। नाले के किनारे मौजूद परिजनों की आंखों से आंसू गिरता रहा। मानिकपुर से पहुंचे गोताखोर भी करीब दो घंटे तक तलाश करने के बाद अंधेरा होने पर नाले से बाहर निकले आए। अपर पुलिस अधीक्षक पूर्वी दुर्गेश सिंह ने बताया कि नाले में डूबे अरबाज की खोजबीन स्थानीय गोताखोरों की मदद से की जा रही है।
निकाली साइकिल की हवा, नहीं माने
जरियारी निवासी अरबाज मुंबई में ट्रक चलाकर परिवार का गुजर बसर करता था। दो दिन पहले वह ही वह घर आया था। शनिवार को जब वह साथियों के साथ मछली पकड़ने के लिए घर से निकल रहा था। उसी समय एजाज के परिजनों ने सभी को रोका। यहां तक कि साइकिल के टायर की हवा भी निकाल दी।
मासूम बेटे के सिर से छिन गया पिता का साया
नाले में समाए अरबाज की एक वर्ष पहले समा बानो के साथ शादी हुई थी। उसके डेढ़ माह बेटा भी है। चार भाइयों में अरबाज सबसे बड़ा था। पिता अंसार,भाई अरमान, फरमान व असहद रोते बिलखते रहे।